परिचालक ने बस से उतारा था, बदला लेने के लिए रोडवेज बस पर किया पथराव
भास्कर संवाददाता | बांसवाड़ा /बागीदौरा
कलिंजरा थाना क्षेत्र के गांव सागवा के बस स्टैंड पर सोमवार रात को कुछ युवाओं ने रोडवेज की बस पर पथराव अौर तोड़फोड़ की और परिचालक के साथ मारपीट कर दी। घटना रात को 10 बजे की है। बांसवाड़ा से सूरत वाया बागीदौरा जा रहा बस कलिंजरा से गुजर सागवा पहुंची ही थी कि वहां के कुछ युवकों ने इस वारदात को अंजाम दिया। अचानक हुई घटना से अंदर बैठे यात्री भी घबरा गए, ऐसे में चालक ने सूझबूझ और हिम्मत से काम लेते हुए बस को भगाया और सीधे सज्जनगढ़ थाने में जाकर रोक दी। तोड़फोड़ कर यात्रियों की जान संकट में डालने में वाले एक अारोपी की गिरफ्तारी के बाद पूछताछ की तो सामने अाया की यह घटना परिचालक और चालक से पुराना बदला लेने की नियत से किया गया था। विवाद यह था कि पहले परिचालक ने युवकों को बस स्टैंड पर नहीं उतारकर आगे उतार दिया था।
सूरत जाने वाली इसी बस पर भी गत 8 मई को रात 10 बजे सागवा में अज्ञात व्यक्तियों ने पत्थर मारकर तोड़फोड़ की थी। बस का कांच टूटने से एक यात्री को भी चोट लगी थी।
ग्रामीणों की मांग पर 1 माह पहले शुरू हुई बस
बागीदौरा से सूरत बस संचालन के लिए क्षेत्र के लोगों ने 7 अप्रैल को बांसवाड़ा आगार के मुख्य प्रबंधक को ज्ञापन देकर वाया बागीदौरा सूरत और बड़ौदा बस सेवा शुरू करने की मांग की थी। ग्रामीणों ने बस सेवा के पीछे क्षेत्र के व्यापारियों और मरीजों की जरूरतों को पूरा करने के लिए की थी। जिस पर रोजवेज प्रबंधन ने जिला प्रशासन के आदेश पर 13 अप्रैल से बस सेवा शुरू की। 1 एक माह के भीतर बस पर दो बार पथराव किए गए हैं।
सागवा में निजी बस पर भी पथराव
सज्जनगढ़. सोमवार रात को रोडवेज बस पर पथराव के बाद सागवा गांव में मंगलवार रात को फिर एक निजी बस पर पथराव हो गया। जानकारी के अनुसार निजी बस में सवार लोग मंगलवार को टामटिया से सज्जनगढ़ में एक कार्यक्रम में भाग लेने जा रहे थे। इस दौरान सागवा गांव में रात को बाइक सवार ने बस के आगे कांच पर पत्थर मारा और भाग गया। निजी बस चालक बस को सीधे लेकर सज्जनगढ़ पहुंचा। हालांकि इस मामले में कोई रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई गई है।
योजना बनाई, फिर वारदात
गिरफ्तार अारोपी गराड़िया निवासी लालसिंह पुत्र मीठालाल अड़ कलिंजरा में ही बस में बैठा और आगे अपने साथियों को फोन कर दिया। लालसिंह ने बताया कि हम लोग सूरत से मजदूरी कर आते हैं तो परिचालक द्वारा हमारे बस स्टैंड पर नहीं उतारा जाता। इस बात को लेकर भी 7 दिन पहले इसी परिचालक के साथ बहस हो गई थी। इसी बात का बदला लेने के लिए दोस्तों के साथ मिलकर यह वारदात की। कलिंजरा थाना एएसआई लालसिंह ने बताया कि अन्य आरोपियों की तलाश के लिए भी टीम जांच में जुट गई है।