जयपुर | प्रदेश में शनिवार को मौसम ने फिर अचानक पलटी मारी। कई जगह आंधी चली, बारिश हुई और ओले गिरे। भरतपुर में 17 दिन बाद फिर तूफान के साथ मूसलाधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। छप्पर, टीन-टप्पर, होर्डिंग्स आदि उड़ गए। दीवारें भी गिरीं। हादसों में 3 लोग घायल हो गए। यहां 2 मई को आए तूफान में 19 लोगों की मौत हो गई थी।
उधर, अलवर में शनिवार शाम को बूंदाबांदी हुई। बहरोड़ व बानसूर में 5-5 मिमी बारिश दर्ज की गई। सीकर के नीमकाथाना इलाके में बारिश के साथ कई जगह ओले भी गिरे। कोटा में तेज गर्मी रही। शनिवार को पारा 44.6 डिग्री रहा।
मौसम विभाग की चेतावनी
उत्तर भारत में आंधी-तूफान का खतरा
भारतीय मौसम विभाग ने शनिवार को चेतावनी जारी की कि अगले 24 घंटों में देश के कई हिस्सों में तूफान के साथ तेज बारिश हो सकती है। इसकी वजह यमन की खाड़ी से उठा समुद्री चक्रवात ‘सागर’ को बताया जा रहा है। दिल्ली, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, हरियाणा और राजस्थान सहित देश के कई हिस्सों में पिछले एक सप्ताह से मौसम में उतार-चढ़ाव की स्थित बनी हुई है।