बिग कंट्रोवर्सी : चार साल बाद आए मैचों पर फिर संकट
जयपुर में चार साल बाद बुधवार को आईपीएल का पहला मैच हुआ। लेकिन बाकी बचे 6 मैचों पर संकट खड़ा हो गया है। राजस्थान रॉयल्स टीम मैनेजमेंट और नगर निगम पहले से आमने-सामने हैं। अब टीम प्रबंधन ने खेल मंंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर को पत्र लिखा है। इसमें आरोप लगाया कि नगर निगम जैसी सरकारी एजेंसियां सहयोग नहीं कर रही, इसलिए चेन्नई की तरह जयपुर से भी मैच कहीं और ले जाए जा सकते हैं। दूसरी ओर, नगर निगम के मेयर अशोक लाहोटी ने कहा-पांच नोटिस दिए जाने के बावजूद जो मीटिंग में तय हुआ था, उसके अनुसार सुरक्षा इंतजाम नहीं किए जा रहे। इस बीच, खेल मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने राजस्थान रॉयल्स को सहयोग का पूरा भरोसा दिलाया और मामले को मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के सामने रखने के लिए देर रात ही उनके घर पहुंच गए। राजस्थान रॉयल्स की ओर से खेल मंत्री को लिखा गया पत्र दैनिक भास्कर के पास है।
राजस्थान रॉयल्स ने पत्र में यह लिखा
नियमित रूप से कूड़े का निस्तारण नहीं किया जा रहा
नियमित पेयजल आपूर्ति नहीं की जा रही
स्टेडियम में वेंडर और पर्याप्त संख्या में स्टाफ को आने-जाने दिया जाए
बीसीसीआई नियमों के अनुसार विज्ञापन लगाने की अनुमति मिले
संबंधित विभागों से एनओसी दिलाई जाए
राजस्थान रॉयल्स के चेयरमैन रंजीत ठाकुर और उपाध्यक्ष राजीव खन्ना शुक्रवार को दिन में खेल मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर से मिले थे। इस दौरान उन्होंने मौखिक के साथ लिखित में भी अपनी पीड़ा बताई। आरोप लगाया कि जयपुर में सरकारी एजेंसियां अलग-अलग तरीके से परेशान कर रही हैं। कभी मैच टिकट या पास को लेकर तो कभी स्टेडियम से कूड़ा न उठाकर। इससे मैच के आयोजन में परेशानी खड़ी हो रही है।
राजस्थान राॅयल्स ने लिखा पत्र- सरकारी एजेंसियां नहीं दे रहीं सहयोग, जयपुर से बाहर ले जा सकते हैं मैच, मेयर बोले- मापदंड तो पूरे करें
दो दिन से स्टेडियम से नगर निगम ने कूड़ा नहीं उठाया था। इसलिए हमने प्राइवेट एजेंसी को पैसे देकर स्टेडियम से कूड़ा उठवाया। प्रदेश के खेल मंत्री को पत्र लिखा है। सरकारी एजेंसियों की ओर से सहयोग नहीं मिला तो हमें चेन्नई की तरह कदम उठाने के लिए बाध्य होना पड़ेगा। -राजीव खन्ना, उपाध्यक्ष राजस्थान रॉयल्स
नगर निगम का जवाब
कचरा उठाकर बाहर लाकर देंगे और पैसे जमा कराएंगे तो निगम को कचरा उठाने में कोई दिक्कत नहीं है। सीएस के स्तर पर हुई मीटिंग में जो तय हुआ था, उसके मुताबिक सुरक्षा के इंतजाम नहीं किए जा रहे। नगर निगम ने पांच नोटिस दिए, जिसका पालन नहीं किया जा रहा। सुरक्षा मापदंडों का मखौल उड़ाया जा रहा है। पांचों नोटिस में से किसी का भी जवाब नहीं दिया गया। - अशोक लाहोटी, मेयर नगर निगम
मुझे जानकारी नहीं, मैं दिल्ली में हूं : सीपी जोशी
राजस्थान रॉयल्स ने सरकारी एजेंसियों की ओर से मैच के आयोजन में सहयोग न करने को लेकर खेल मंत्री को कोई पत्र लिखा है। इसकी मुझे कोई जानकारी नहीं है। मैं दिल्ली में हूं। -सीपी जोशी, अध्यक्ष राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन
टीम प्रबंधन को पूरे सहयोग का भरोसा दिलाया है : खेल मंत्री
राजस्थान रॉयल्स के पत्र का जवाब दे दिया है। उन्हें राज्य सरकार की ओर से सहयोग का पूरा भरोसा दिलाया है। नगर निगम की ओर से दो दिन से कूड़ा क्यों नहीं उठाया जा रहा, साथ ही राजस्थान रॉयल्स को बार-बार क्यों परेशान किया जा रहा है। काफी प्रयास के बाद तो जयपुर में आईपीएस शुरू हुआ है। अगर ऐसा ही रहा तो राजस्थान रॉयल्स यहां से मैच लखनऊ कराने पर विचार कर रहा है। यदि ऐसा हो गया तो प्रदेश की साख गिरेगी। इस मामले को मुख्यमंत्री के सामने रखूंगा। -गजेंद्र सिंह खींवसर, खेल मंत्री
सीएस के साथ मीटिंग में तय हो गया था मैच से पूर्व स्वच्छता की शपथ दिलाएंगे, ऐसा नहीं हुआ?
पूरे स्टेडियम को कपड़े व कार्ड बोर्ड जैसी वस्तुओं से ज्वनलशील बना दिया है, जबकि तय हुआ था कि फायर फाइटिंग के तमाम इंतजाम किए जाएंगे।
100 फायरमैन नियुक्त करेंगे, उन्हें भेजा तो स्टेडियम में ही नहीं घुसने दिया। पैसा भी नहीं दिया।