सर्वहितकारी विद्या मंदिर शिशु वाटिका में स्कूल मुखी अमिता गर्ग के नेतृत्व में स्कूल अध्यापकों का दक्षता वर्ग लगाया गया। सेमिनार का उद्देश्य सभी अध्यापकों को अपने विषय में दक्ष बनाना है। इस समय बठिंडा सचिव गुरविंदर ने पंच कोष प्रणाली संबंधित जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हमारे शरीर में अन्नमई, प्राणमई, मनोमई, विज्ञानमई और आनंदमई 5 कोश हैं।
इसके पश्चात संस्कृति भारती के संगठन मंत्री संजीव ने संस्कृति भाषा की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि संस्कृति विश्व की सभी भाषाओं की जननी है। भाषा में नए शब्द बनाने का सार्थक केवल संस्कृत में ही है। संस्कृत के बिना संस्कारों की कल्पना भी नहीं की जा सकती तथा समाज में फैली कुरीतियों का कारण संस्कृत के ज्ञान का अभाव है। उन्होंने कहा कि आने वाला समय संस्कृत के लिए उज्ज्वल है, इसलिए हमें बच्चों को संस्कृति बोलने के लिए प्रेरित करना चाहिए। (कपिल)