सही इलाज न मिलने से हेपेटाइटिस सी, एचआईवी से ग्रस्त हुए 20 बच्चे : गर्ग
एसएमओ के खिलाफ शिकायत करते थैलेसीमिया वेलफेयर सोसायटी के सदस्य।
बठिंडा| थैलेसीमिया वेलफेयर सोसायटी ने बठिंडा चिल्ड्रन अस्पताल प्रबंधक पर थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया है। सोसायटी के प्रधान सुरेश पाल गर्ग ने बताया कि थैलेसीमिया के मरीजों के लिए चिल्ड्रन अस्पताल में विशेष वार्ड मरीजों के लिए बनाया गया था और हर वर्किंग वाले दिन मरीज को रक्त लगवाया जाता था लेकिन उक्त समय के एसएमओ डाॅ. सुखजिंदर सिंह गिल ने पूरे सप्ताह इलाज की जगह सिर्फ तीन दिन कर दिया। वहीं वार्ड को शिफ्ट करके साधारण वार्ड में तब्दील कर दिया। प्रधान सुरेश पाल गर्ग ने बताया कि वार्ड को शिफ्ट होने से मरीजों को हो रही परेशानी को लेकर एसएमओ से शिकायत करने पहुंचे तो वह अचानक भड़क गए। इस संबंध में सोसायटी द्वारा मुख्यमंत्री, स्वास्थ मंत्री, हेल्थ डायरेक्टर, डीसी बठिंडा को शिकायत की प्रतियां भेजी गई है। सोसायटी सदस्यों ने बताया कि बच्चों को पूर्ण इलाज न मिलने से 20 से 25 बच्चों को हेपेटाइटिस सी, एचआईवी से ग्रस्त हो रहे है। उन्होंने एसएमओ के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
अारोप गलत : एसएमओ
एसएमओ डाॅ. सुखजिंदर सिंह गिल ने कहा कि सोसायटी के पदाधिकारियों से हमने दुर्व्यवहार नहीं किया है। थैलेसीमिया वाला वार्ड मुझे ज्वाइन करने से पहले ही शिफ्ट किया गया था। थैलेसीमिया बच्चों से भेदभाव नहीं किया जाता। सभी आरोप गलत है।