प्रखंड क्षेत्र में आंगनबाड़ी केंद्र बनवाए जाने में अनियमितता बरते जाने की वजह से कई केंद्र अर्धनिर्मित अवस्था में पड़े हैं। इस कारण यहां आने वाले नौनिहालों को काफी परेशानियों का भी सामना करना पड़ रहा है। विभागीय सूत्रों की मानें तो बेलदौर प्रखंड अंतर्गत 40 आंगनबाड़ी केन्द्र वर्षों से अर्धनिर्मित है। वहीं कई आगनबाड़ी केन्द्र निजी दरवाजे पर संचालित किए जा रहे हैं।
8 केंद्र को नहीं है अपना भवन
प्रखंड के महीनाथनगर पंचायत में 8 आंगनबाड़ी केन्द्र ऐसे हैं जिनको अपना भवन नहीं रहने के कारण निजी दरवाजे पर चलाया जाता है। जिसमें केन्द्र संख्या 127 महादलित टोले में बने चबूतरे में संचालित है। स्थानीय ग्रामीण बताते हैं कि महीनाथनगर पंचायत में एक भी आंगनबाड़ी केन्द्र भवन नहीं बनाया गया है।
बता दें कि बीते वित्तीय वर्ष 2013-14 में विभिन्न पंचायतों में जिला परिषद की तरफ से 13वीं वित्त आयोग मद से 10 केन्द्र बनाने की स्वीकृति मिली थी। जिसके अंतर्गत सात केन्द्र बनाने की प्रक्रिया शुरू की गई। बावजूद अभी भी किसी केन्द्र का भवन पूर्णत: निर्माण नहीं कराया जा सका है। इस बाबत सीडीपीओ श्वेता कुमारी ने बताया कि प्रखंड क्षेत्र में 58 आंगनबाड़ी केन्द्र खुद के भवन में संचालित हैं।