मितानिन संघ की हड़ताल से स्वास्थ्य व्यवस्था प्रभावित
प्रदेश स्वास्थ्य मितानिन संघ रायपुर के आह्वान पर बेरला ब्लाक के सभी मितातिन 10 मई से अनिश्चिकालीन हड़ताल पर चले गए हैं। संघ की तीन सूत्रीय मांगों को लेकर शुरू की गई इस हड़ताल में ब्लाक समन्वयक, स्वस्थ पंचायत समन्वयक, मितानिन प्रशिक्षक, हेल्प डेस्क फैसिलेटर व मितानिन शामिल हैं, जिससे ग्रामीण क्षेत्र में स्वास्थ्य व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है।
संघ की जिलाध्यक्ष सत्यभामा परगनिहा ने दावा किया है कि मितानिनों की हड़ताल में चले जाने से स्वास्थ्य व्यवस्था चौपट हो गई है, जिससे लोग परेशान हैं। उन्होंने बताया कि आयुष्मान भारत के तहत स्मार्ट कार्ड नहीं बन पा रहा है। वहीं संस्थागत प्रसव, प्रसव पूर्व जांच, टीबी व कुष्ठ मरीजों को दवाइयां, नवजात की देखभाल, टीकाकरण, बच्चों का कुपोषण व अन्य बीमारियों से बचाव भी नहीं हो रहा है। लोगों की परेशानी को देखते हुए शासन को तुरंत मितानिनों की मांग पूरी कर हड़ताल समाप्त कराना चाहिए।
सौ प्रतिशत राज्य अंश देने सहित तीन सूत्रीय मांगंे
संघ की मांगों में मितानिनों को दिया जाने वाला राज्य अंश सभी ब्लाक समन्वयक, स्वस्थ पंचायत समन्वयक, मितानिन प्रशिक्षक, हेल्पडेस्क फैसिलेटर को देने, मितानिनों को 100प्रतिशत राज्य अंश देने, एएनएम प्रशिक्षण प्राप्त मितानिनों को सीधी शासकीय सेवा में भर्ती करने की मांग शामिल है। जिलाध्यक्ष सत्यभामा ने बताया कि संघ की मांगे पूरी नहीं होने पर 21 मई को रायपुर में महारैली निकाली जाएगी।