बरसात में बाढ़ का कारण बनने वाले नाले चिन्हित करें
भास्कर संवाददाता | भीलवाड़ा
आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की बाढ़ बचाओ को लेकर बैठक की गई जिसमें कलेक्टर शुचि त्यागी ने कहा कि नगर परिषद ऐसे नालों की सूची बना लें, जो बरसात में जाम होकर बाढ़ का कारण बनते हैं।
बरसात से पूर्व ही नालों की सफाई हो जानी चाहिए। इसके लिए आरयूआईडीपी, यूआईटी, पीडब्ल्यूडी, नगर परिषद तथा संबंधित उपखंड अधिकारी टीम बनाकर कार्य करें। उपखण्ड अधिकारी, विकास अधिकारी, तहसीलदार तथा सिंचाई विभाग के अधिकारी संयुक्त रुप से जिले के 60 बड़े तथा 383 छोटे बांधों का निरीक्षण कर रिपोर्ट इस माह के अंत तक भेजें। कलेक्टर ने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि हर हाल में 15 जून तक नियंत्रण कक्ष स्थापित कर लिए जाए। नियंत्रण कक्ष में कार्मिकों की ड्यूटी सुनिश्चित करें। पेयजल स्रोतों में सुपर क्लोरीफिकेशन के लिए क्लोरीन की पर्याप्त मात्रा का स्टाॅक रखने के निर्देश जलदाय विभाग के अधिकारियों को दिए। बैठक में अतिरिक्त कलेक्टर एलआर गुगरवाल, सीईओ जिला परिषद गजेंद्र सिंह सहित अधिकारी उपस्थित रहे।