धोखाधड़ी कर पुलिस की मिलीभगत से गाड़ी छीनने व डेढ़ लाख रुपये हड़पने के मामले में पुलिस ने इस्तगासा के आधार पर आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
गांव जाटू लोहारी निवासी बसंत कुमार ने 13 नवंबर 2017 को गांव के ही बलजीत नामक व्यक्ति से डेढ़ लाख रुपये की राशि देकर और प्रतिमाह 11735 रुपये की शेष 48 किस्त भरने की बात पर गाड़ी खरीदी थी। बलजीत ने गाड़ी भी उसे सुपुर्द कर दी। 15 जनवरी 2018 को बलजीत ने उसे फोन पर बताया कि उसने जयपुर में होटल लिया और जैन चौक से कुछ सामान लेकर जाना है इसलिए गाड़ी लेकर जैन चौक पहुंचे।
वह अपने लड़के इंद्रजीत के साथ गाड़ी लेकर जैन चौक पहुंचा तो मौके पर एक पुलिस अधिकारी व बलजीत मिला। उन्होंने डरा धमका कर उनकी गाड़ी छीन ली तथा उन्हें व गाड़ी को जैन चौक पुलिस चौकी में ले गए। उन्होंने कहा कि यह गाड़ी उनकी है उसने गाड़ी को इकरारनामा व डेढ़ लाख रुपये देकर खरीदा है। पुलिस ने उसकी कोई बात नहीं सुनी और चौकी से पिता- पुत्र को धमका कर बाहर निकाल दिया। वे 17 जनवरी को फिर जैन चौकी गाड़ी लेने पहुंचे और पुलिस से कहा कि मै बुजुर्ग व सीनियर सिटीजन हूं। यह गाड़ी मेरी है मुझे दें। इस पर पुलिस ने उसके साथ अभद्र व्यवहार किया और चौकी से बाहर निकाल दिया।
12 फरवरी रात आठ बजे बलजीत कुछ युवकों के साथ जबरदस्ती उनके घर में घुस गया और परिवार के सदस्यों को धमकी दी कि तुझे व तेरे परिवार को जान से खत्म कर देंगे। पीड़ित ने बताया कि जब पुलिस ने मदद करने की बजाए उसकी गाड़ी ही कब्जे में ले ली और आरोपी के खिलाफ भी कोई कार्रवाई नहीं की तो अदालत में इस्तगासा दायर किया। अदालत के आदेश पर पुलिस ने शुक्रवार शाम आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 406, 420, 467, 468, 471, 379ए व 506 के तहत मामला दर्ज किया है। जांच अधिकारी एसआई कृष्णपाल मामले की जांच कर रहे हैं।