दो बार सस्पेंड होने के बाद नहला की सरपंच को फिर से मिली कुर्सी
ग्राम पंचायत नहला की सरपंच नीलम देवी को पंचायती राज विभाग के अधिकारियों ने बर्खास्त होने के बावजूद पंचायत का कार्यभार सौंप दिया है। उपायुक्त द्वारा किए गए बर्खास्त मामले को लेकर सरपंच ने कमिश्नर के पास अपील की थी, जिस पर 22 मई तक स्टे दिया गया था। बता दें कि ग्राम पंचायत नहला की सरपंच नीलम देवी को फर्जी शैक्षणिक योग्यता का प्रमाण पत्र को लेकर बर्खास्त किया जा चुका है। जिला उपायुक्त की जांच में नीलम देवी का शैक्षणिक डिग्री फर्जी पाई गई थी। जिसके चलते 16 मार्च 2018 को उपायुक्त डॉ. हरदीप सिंह ने बर्खास्त किया था। सरपंच नीलम देवी को इस फर्जीवाड़ा को लेकर 28 जुलाई 2017 को भी तत्कालीन डीसी डॉ. जयकृष्ण आभीर ने भी बर्खास्त कर दिया था। बाद में सरपंच ने वित्तायुक्त प्रधान सचिव पंचायती राज की शरण में जाकर मामले की पुन: जांच की गुहार लगाई थी। जिस पर उन्हें स्टे मिल गया था।
इस बारे में बीडीपीओ रविंद्र कुमार दलाल ने बताया कि नहला की सरपंच को पुन: पदभार कमिश्नर द्वारा किए गए स्टे आर्डर पत्र के आधार पर सौंपा गया है।