शिववैली स्थित फ्लोरल हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर में रविवार को कूल्हे का सफल प्रत्यारोपण किया गया। डॉ.पंकज मोहता ने बताया कि असहनीय दर्ज से पीड़ित मरीज सुखदेव कूल्हों के ऐवेस्कुलर नेक्रोसिस से पीड़ित थे। जिन्होंने इलाज के लिए संपर्क किया। हॉस्पिटल टीम ने मरीज की मांसपेशियों को काटने की बजाए इसमें बोटूलिनम टोक्सिन इंजेक्ट कर इसकी स्पलिटिंग कर जोड़ को एकस्पोज किया। ग्लूटियस मीडियस मॉसपेशी एवं रोटेटर मांसपेशियों में प्रत्येक में 10 यूनिट इंजेक्ट कर उन्हें पेरेलाइज करा गया। यह काम चीरा लगाने से पहले ही कर लिया गया। डॉ.मोहता ने बताया कि इफक्ट आने के बाद चीरा लगाकर पहले ग्लूटियस मीडियस को स्पलिट किया गया और फिर रोटेटरस को बहुत छोड़ा सा हिस्सा काटने पर जोड़ पुरा एक्पोज हो गया।
इसके बाद फीमोरल हेड काट कर ऐसिटाबुलम को ऐक्सपोज किया गया। इसमें अनसिमेंटेड कप फिक्स किया गया। फिर फिमोरल केनाल में रिम कर स्टेम डाला गया तथा हैड 36 एमएम व्यास डाला गया। इसके बाद क्लोसर कर दिया गया। डॉ.मोहता ने बताया कि अब कुछ महीनों में मरीज आलथी-पाल्थी लगा सकेगा।