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जहां प्लास्टिक के तार चढ़ाए वहीं बिजली की चोरी व मीटर में छेड़छाड़

3 वर्ष पहले
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बिलासपुर में चोरी रोकने के लिए खुले तार पर चढ़ाए प्लास्टिक भी बेकाम है। यहां जिन स्थानों पर इसे लगाए गए हैं, वहीं बिजली चोरी के 496 मामले सामने आ चुके हैं। वहीं 776 मीटर में छेड़खानी दर्ज हुई है। ये रिपोर्ट बिजली कंपनी सतर्कता टीम की है। उन्होंने रायपुर के अफसरों को अपनी रिपोर्ट दी है।

बिजली कंपनी की सतर्कता टीम (विजिलेंस) द्वारा की वित्तीय वर्ष 2016- 17 में की गई कार्रवाई की रिपोर्ट खंगाली तो चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए। पाया गया कि रायपुर के 15 सर्किल में इस बार हुकिंग के प्रकरण एक भी पकड़ में नहीं आए। इसके पीछे कारण यह रहा कि कंपनी ने सभी प्रमुख शहरों और इससे सटे ग्रामीण इलाकों में केबल लगवा दिए हैं। एरियल केबल लगाने से सीधे बिजली तार से हुकिंग करके की जाने वाली चोरी नहीं पकड़ी गई। लेकिन घरों और संस्थानों में लगे मीटर के बाहर से ही लोगों ने बाइपास बिजली सप्लाई करके कंपनी को चकमा देने का नया हथकंडा अख्तियार कर लिया है। जबकि विजिलेंस की टीम को बिजली कंपनी हर साल सर्किलों में सालाना कार्रवाई का टारगेट देती है। इसमें गड़बड़ी पकड़ने के लिए 15 सर्किल में 6-6 अधिकारियों-तकनीकी कर्मचारियों की टीम कार्रवाई के दौरान की जाने वाली बिजली चोरी और मीटर में लगे पंचिंग खोलकर किए जाने का मामला पकड़ में आ रहा है।

देखिए, ऐसे कर रहे घरेलू मीटर में गड़बड़ी

बिजली चोरी रोकने कंपनी ने प्रदेश के सभी सर्किल में बिजली सप्लाई लाइन के साथ ही एरियल केबल लगाया है। इससे सप्लाई तार से हुकिंग तो लोग नहीं कर पा रहे,लेकिन घरों और संस्थानों में लगे मीटर में गड़बड़ी के नए तरीके निकाल लिए हैं। कंपनी ने जिन शहरों में केबल लगाए हैं,उन्हीं शहरों की रैकिंग बिजली चोरी को लेकर विजिलेंस टीम ने की है। उन्होंने ही इसकी पूरी रिपोर्ट अधिकारियों तक पहुंचााई है। सरकार भी मामले में गंभीर है।

देवनंदन नगर में कई मकानों पर ऐसे कनेक्शन लिया गया है।

जानिए, कैसे हो रही घरों में बिजली चोरी

बिजली मीटर के डायल में पीछे छेद करके लोग कर रहे सप्लाई कम।

बिजली फेस से सप्लाई दिए जाने वाले करंट को बाईपास करके चोरी।

करंट को मीटर से पहले ज्वाइंट से बाइपास कट करके बिजली उपयोग।

हर साल ऐसे बढ़े बिजली चोरी के आंकड़े

वर्ष 2014-15 2015-16 2016-17

मीटर जांच 54610 41961 41198

रिकवरी 4430 लाख 3760 लाख 3603 लाख

चोरी पकड़ी 3275 2957 2301

अनियमितता 7408 5838 6067

एफआईआर 1284 935 729

कोर्ट केस बने 281 160 257

15 सर्किल में ये जिले चोरी मेें टॉप पर

बिलासपुर सिटी :
यहां के शहरी इलाके में ही जहां केबल लगे वहीं 250 से ज्यादा बिजली चोरी पकड़ी गई। जबकि 223 मीटर में की गई छेड़खानी पकड़ी।

बिलासपुर ग्रामीण : शहर ही नहीं यहां के ग्रामीण क्षेत्र में भी 246 घरों में बिजली चोरी पकड़ी गई और यहां मीटर में गड़बड़ी के भी 553 मामले पकड़ में आए।

प्रदेश के 15 सर्किल में से इस साल बिजली चोरी के मामले सबसे ज्यादा इन शहरों में पाए गए

जांजगीर-चांपा :
विजिलेंस ने इस सर्किल में सालभर में 398 बिजली चोरी के प्रकरण बनाए गए। वहीं मीटर में अनियमितता के 593 मामले टीम ने बनाए।

रायपुर ग्रामीण : इन क्षेत्र में हुकिंग के प्रकरण इस साल एक भी नहीं बने,मगर केबल लगने के बाद यहां 253 चोरी और अनियमितता के 452 प्रकरण बने।

दुर्ग सिटी : टीम ने यहां के शहरी इलाके में ही जहां एरियल केबल लगे हैं,वहीं बिजली चोरी के 198 और मीटर में अनियमितता के 266 प्रकरण बनाए हैं।

जहां कनेक्शन काटे वहां दोबारा दिया गया मीटर

बिजली विभाग के कर्मचारियों ने कुछ दिन पहले जिन घरों के मीटर पैसे नहीं देने पर काट दिए थे। वहां दोबारा लाइन दे दी। ऐसा नियमों के खिलाफ है। इसके बाद भी किया गया। उन पर कमीशनखोरी के आरोप लगे। पर बड़े अफसरों ने कोई कार्रवाई नहीं की। पूछने पर उन्होंने जल्द संबंधित को नोटिस देने की बात कही थी। इसके बाद से अब तक किसी भी कर्मचारी के खिलाफ कोई मामला नहीं बनाया गया। किसी तरह का कोई एक्शन नहीं किया गया। इसके चलते उन अफसरों की भूमिका भी संदेह के दायरे में आई गई है।

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