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रेलवे कर्मी, शिक्षक सहित कई अपात्र बनवा रहे राशन कार्ड, 11 माह में साढ़े पांच हजार रद्द

3 वर्ष पहले
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प्रशासनिक रिपोर्टर | बिलासपुर

पिछले 11 माह में जिले के साढ़े पांच हजार राशनकार्ड रद्द किए गए। जिले में शिक्षक, रेलवे कर्मी सहित कई अपात्रों ने राशन कार्ड बनवा कर शासन की योजना का दुरुपयोग कर रहे हैं। ऐसे ही लोगों के कार्ड रद्द किए गए लेकिन चूंकि अधिकारियों की मिलीभगत से अपात्रों ने राशन कार्ड बनवाए थे इसलिए उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं की जा रही है।

मई 2017 में बिलासपुर जिले के शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों को मिलाकर 4 लाख, 87 हजार,779 राशन कार्ड थे। इनमें 1 लाख 22 हजार 548 अंत्योदय, 3 लाख 43 हजार 757 प्राथमिकता वाले परिवारों के पास कार्ड था। लेकिन बीते 11 माह में राशन कार्डों की संख्या घटकर 4 लाख, 82 हजार 205 हो गई। यानी इस बीच 5 हजार 574 राशन कार्ड कम हो गए। इनमें अंत्योदय में 895 राशन कार्ड कम हो गए। यानी इतने राशनकार्ड गलत तरीके से बनाए गए थे। यानी यह भी कि न जाने कितने समय से इन राशनकार्डों से राशन निकाला जा रहा था। मालूम हो कि राशन कार्ड में मौजूद प्रत्येक सदस्य के नाम पर सात किलो चावल हर माह दिया जाता है। ऐसे में यदि एक साल भी 5574 राशनकार्ड के अनुमानित 22,296 सदस्यों को राशन दिया गया होता तो 1 लाख 56 हजार 72 किलो चावल दिया गया होगा। चावल की अनुमानित कीमत 31 लाख 21 हजार रुपए से ज्यादा है। इस तरह लाखों रुपए का राशन अवैध रूप से लिया गया लेकिन खाद्य विभाग ने फर्जी तरीके से राशनकार्ड बनाने और आवेदन करने वालों के खिलाफ अब तक कार्रवाई नहीं की। इस मामले में प्रभारी खाद्य नियंत्रक डॉ.जीडी पटेल ने कहा कि राशनकार्ड बनाना और उसे रद्द करना सतत प्रक्रिया है। मिलीभगत जैसी बात नहीं है। राशन कार्ड बनाने के लिए जनपद पंचायतों में आवेदन लिए जाते हैं। नियमानुसार कार्ड बनाए जाते हैं और बने हुए राशन कार्डों में नाम जोड़े जाते हैं।

अवैध तरीके से बनाने पर कार्रवाई का प्रावधान , पर अब तक किसी पर नहीं की गई
बिलासपुर में सबसे अधिक कार्ड, गड़बड़ी भी ज्यादा
बिलासपुर जिले में राशनकार्डों की संख्या में प्रदेश के किसी भी जिले से ज्यादा है। जांजगीर-चांपा जिले का स्थान दूसरा है। वहां 4 लाख 37 हजार 762 राशन कार्ड है। रायगढ़ में 3 लाख 69 हजार 186 तो रायपुर में 3 लाख 36 हजार 295 राशनकार्ड है। बलौदा बाजार-भाटापारा में 3 लाख 19 हजार 358 राशनकार्ड तो दुर्ग में 3 लाख 3हजार 510 राशनकार्ड है। गड़बड़ियों के मामले में भी बिलासपुर पहले नंबर पर है।

जानिए अभी जिले में कौन-कौन से राशन कार्ड है
अंत्योदय गुलाबी - 121653

अंत्योदय एकल - 6836

स्पेशल गुलाबी - 462

प्राथमिकता नीला - 352613

निशक्तजन हरा - 641

कुल - 482205

इधर रेलवे कर्मी को राशन मिलने की शिकायत
हाल ही में डीआरएम व एसडीएम से श्याम खांडेकर ने लिखित में शिकायत कर बताया है कि पाराघाट निवासी निर्मला सोनी के नाम पर राशनकार्ड है जबकि उसके पति दुर्गा प्रसाद सोनी रेलवे के ओएचई डिपार्टमेंट में पदस्थ हैं। अंत्योदय गुलाबी राशन कार्ड क्रमांक 40020202100038 से हर माह राशन लिया जा रहा है। परिवार के चार सदस्यों को हर माह सात-सात किलो चावल दिया जा रहा है।

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