सिम्स में मरीजों को इलाज की सुविधा नहीं मिल पा रही है इससे वह खुद ही अस्पताल छोड़कर चले जा रहे हैं। कहीं सिम्स के कर्मचारी ही रेफर कर रहे हैं तो कहीं मरीजों का सीटी स्कैन या डायलिसिस नहीं हो रहा है इससे वह परिस्थितिवश यहां से जाने को मजबूर हो रहे हैं। यह स्थिति अब प्रबंधन के लिए शर्मिंदगी का कारण बनती जा रही है इसके बावजूद भी कोई कुछ करने को तैयार नहीं है।
16 और 17 मई को भी 3 मरीज सिम्स छोड़ कर चले गए क्योंकि उन्हें न तो सीटी स्कैन की सुविधा मिली और न ही न्यूरो सर्जन मिले। इस वजह से 3 मरीज प्राइवेट अस्पताल में चले गए। 16 मई की दोपहर 3:00 बजे कोनी निवासी रामाधार बघेल सिम्स छोड़ कर चले गए उनके परिजनों ने लिखा के यहां यहां इलाज की कोई व्यवस्था नहीं है इसलिए हम श्री राम केयर हॉस्पिटल में लेकर जा रहे हैं। रामाधार बघेल जैसे ही बाहर निकले उनके निकलने से पहले ही प्राइवेट एंबुलेंस नंबर CG 10-6425 तैयार मिली । इसी तरह 25 वर्ष के नागेश वर्मा 16 मई की रात 8:50 पर सिम्स से चले गए। उनके परिजनों में लिखा सीटी स्कैन नहीं है और ना ही यहां पर कोई न्यूरो सर्जन डॉक्टर है। वह भी बाहर निकलें तो प्राइवेट एम्बुलेंस सीजी 16-3052 तैयार खड़ी मिली। इसी तरह 17 मई की सुबह मगरापारा में रहने वाले रहमान खान गौरव हॉस्पिटल चले गए। उनके परिजनों ने लिखा कि गौरव हॉस्पिटल जा रहे हैं।