दो नंबर प्लेटफार्म के हाई ड्रेन पाइप की स्थिति बदली गई
मालगाडिय़ों के खुले हुए ढक्कन से बार-बार क्षतिग्रस्त होने वाले हाई ड्रेन पाइप को जमीन की सतह पर रखने का काम शुरू हो चुका है। सबसे ज्यादा जर्जर प्लेटफार्म नंबर 2 के हाई ड्रेन पाइप को सबसे पहले नीचे किया जा रहा है। इसका काम लगभग पूरा हो चुका है।
प्लेटफार्म नंबर एक और दो के बीच तीन रेल लाइन है। बीच वाली रेलवे लाइन के दोनों तरफ हाई ड्रेन पाइप है। इसके जरिए यात्री ट्रेनों में पानी भरा जाता है। ये पाइप जमीन से लगभग 6 से 7 फीट की ऊंचाई पर लगे हैं। यह व्यवस्था वर्षों पुरानी है। बीच वाली रेलवे लाइन पर मालगाडिय़ों ही आती है। ज्यादातर मालगाड़ी के खाली वैगन के ढक्कन खुले होते हैं। कभी-कभी तो ढक्कन आधे में ही अटक जाते हैं। ऐसे अटके हुए वैगनों के ढक्कन से कई बार हाइड्रेन पाइप क्षतिग्रस्त हो गए। इसे बार-बार सुधारा गया। ऐसे ही ढक्कन के चलते बिलासपुर रेलवे स्टेशन को वर्षों पुराना फुट ओवरब्रिज क्षतिग्रस्त होकर हमेशा के लिए बंद हो गया। समय रहते रेलवे प्रशासन ने हाइड्रेन पाइप को नीचे करने का निर्णय लिया। अब उसका काम भी शुरू कर दिया गया है। दो नंबर प्लेटफार्म के हाइड्रेन पाइप का काम लगभग पूर्ण हो चुका है। इसकी लंबाई लगभग 200 मीटर है। इसके बाद एक नंबर प्लेटफार्म का पाइप बदला जाएगा।
प्लेटफार्म नंबर दो में बदली जा रही पाइप की स्थिति।