श्रद्धा से की वट सावित्री की पूजा
सुहागिनों ने अपने-अपने पति की लंबी आयु की कामना को लेकर वट सावित्री की पूजा की। महिला श्रद्धालुओं की भीड़ सुबह होते ही वट वृक्षों के समीप देखने को मिलने लगी। श्रद्धालु महिलाएं वट वृक्ष की पूजा कर आरती व परिक्रमा की। इसके बाद वहां मौजूद पंडित से सावित्री-सत्यवान की कथा सुनी। पंडितों के अनुसार वट वृक्ष के नीचे ही सावित्री ने यमराज से वर मांगकर अपने पति सत्यवान को जीवित किया था। इसी मान्यता को लेकर जो भी सुहागिन महिलाएं वट वृक्ष की पूजा करती हैं ताकि उनका सुहाग अमर रहे। सेक्टर एक, सेक्टर दो, सेक्टर तीन, चार, पांच, छह सहित सभी सेक्टरों सहित चास, चिरा चास आदि सभी जगहों में श्रद्धालु महिलाओं ने श्रद्धा के साथ पूजा की।
रक्षा सूत्र बांधतीं महिलाएं।
एक-दूसरे को सिंदूर लगातीं महिलाएं।