दुष्कर्म के विरोध में कांग्रेस ने निकाला प्रतिशोध मार्च
प्रदेश में मासूम बच्चियों के साथ हो रहे दुष्कर्म के विरोध में झारखंड प्रदेश युवा कांग्रेस के सचिव इश्तियाक अहमद के नेतृत्व में चास के चेक पोस्ट से डीसी कार्यालय तक प्रतिशोध मार्च निकाला गया। इसके बाद डीसी के माध्यम से मुख्यमंत्री रघुवर दास को चेतावनी पत्र दिया गया।
कांग्रेस के नेताओं ने कहा कि चतरा के इटखोरी प्रखंड के राजा केंदुआ गांव में धनु भुईंया सहित उनके साथियों द्वारा नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म कर जिंदा जला देने की घटना पूरे झारखंड को शर्मसार किया है। चतरा के राजा केंदुआ गांव की मुखिया तिलेश्वरी देवी एवं पंचायत समिति सदस्य रंजय रजक द्वारा 50 हजार रुपए देकर इस घटना के साक्ष्य छिपाने का प्रयास किया गया था। कांग्रेसियों ने कहा कि प्रधानमंत्री ने शपथ लेने के बाद बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का नारा दिया था, हकीकत यह है कि झारखंड में शहर से लेकर गांव तक बेटियां असुरक्षित है, रोज दुष्कर्म के मामले सामने आ रहे हैं। दूसरी ओर झारखंड के अधिकतर सरकारी स्कूल या तो बंद किए जा रहे हैं या तो उसमें समुचित पढ़ाई की व्यवस्था नहीं है। ऐसा कर न तो बेटी को बचाया जा रहा है और न ही पढ़ाया जा रहा है।
भाजपा सरकार राज्य में अप्रत्याशित रूप से बढ़ते हुए दुष्कर्म की घटनाओं को रोकने में पूरी तरह से विफल साबित हुई है। इस मौके पर मुख्य रूप से मंजूर अंसारी, जवाहर लाल महथा, सुशील झा, मनोज राय, जुबील अहमद, अमर स्वर्णकार, रीता सिंह, लाल मोहन लायक, सिकंदर अंसारी, जमील अख्तर, जितेंद्र दत्ता, अब्दुल मन्नान, प्रमोद कुमार, शाहिद रजा, उमर अली अंसारी,डॉ.तारकेश्वर महतो, एहसान खान, गुलाम, मो.जावेद, जय शर्मा, सूरज पांडेय आदि उपस्थित थे।
कांग्रेस ने निकाला प्रतिशोध मार्च।