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मोटिया मजदूरों के लिए बनाए गए शेड पर कब्जा कर बना लिया है गोदाम

3 वर्ष पहले
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तीजन करमाली गांधीनगर

बेरमो प्रखंड के जरीडीह बाजार में मोटिया मजदूरों के ठहरने के लिए पूर्व विधायक राजेंद्र प्रसाद सिंह के विधायक मद से लगभग 6 वर्ष पूर्व 2 लाख 50 हजार की लागत से मोटिया मजदूर शेड का निर्माण कराया गया था। जिस उद्देश्य से शेड का निर्माण हुआ, उसका इस्तेमाल आज तक नहीं हुआ। क्योंकि मोटिया मजदूरों को यह स्थान कभी नहीं मिल पाया। कुछ लोगों ने इस शेड पर अवैध कब्जा कर लिया है। शेड के चारों ओर दीवार बनाकर निजी उपयोग कर रहे हैं। इस शेड को गोबर उपले का स्टोर बना लिया। लोगों की शिकायत पर डीबी स्टार टीम मौके पर पहुंची। देखा वहां उपले पड़े हुए थे।

भाजपा के बोकारो ओबीसी मोर्चा के कोषाध्यक्ष सह स्थानीय निवासी प्रदीप साव ने बताया कि लगभग 2012 में मोटिया मजदूरों के आराम के लिए इसे बनाया गया था। लेकिन किसी ने अपने निजी कामों के लिए शेड पर कब्जा कर लिया है। इस संबंध में जब उन्हें पता चला तो स्थानीय लोगों के सहयोग से विरोध किया, तो शेड की घेराबंदी को बिना प्लास्टर किए छोड़ दिया गया। लेकिन इसका निजी उपयोग कर रहे हैं और इसे गोदाम बनाए हुए हैं।

छह साल पहले ढाई लाख खर्च कर

हुआ था इसका निर्माण

शेड के अंदर रखे गोबर के उपले।

तीजन करमाली गांधीनगर

बेरमो प्रखंड के जरीडीह बाजार में मोटिया मजदूरों के ठहरने के लिए पूर्व विधायक राजेंद्र प्रसाद सिंह के विधायक मद से लगभग 6 वर्ष पूर्व 2 लाख 50 हजार की लागत से मोटिया मजदूर शेड का निर्माण कराया गया था। जिस उद्देश्य से शेड का निर्माण हुआ, उसका इस्तेमाल आज तक नहीं हुआ। क्योंकि मोटिया मजदूरों को यह स्थान कभी नहीं मिल पाया। कुछ लोगों ने इस शेड पर अवैध कब्जा कर लिया है। शेड के चारों ओर दीवार बनाकर निजी उपयोग कर रहे हैं। इस शेड को गोबर उपले का स्टोर बना लिया। लोगों की शिकायत पर डीबी स्टार टीम मौके पर पहुंची। देखा वहां उपले पड़े हुए थे।

भाजपा के बोकारो ओबीसी मोर्चा के कोषाध्यक्ष सह स्थानीय निवासी प्रदीप साव ने बताया कि लगभग 2012 में मोटिया मजदूरों के आराम के लिए इसे बनाया गया था। लेकिन किसी ने अपने निजी कामों के लिए शेड पर कब्जा कर लिया है। इस संबंध में जब उन्हें पता चला तो स्थानीय लोगों के सहयोग से विरोध किया, तो शेड की घेराबंदी को बिना प्लास्टर किए छोड़ दिया गया। लेकिन इसका निजी उपयोग कर रहे हैं और इसे गोदाम बनाए हुए हैं।

शेड नहीं मिला

मोटिया मजदूरों के अध्यक्ष यशराज साव ने कहा कि हमारे मजदूर प्रतिनिधिमंडल के विशेष आग्रह पर पूर्व विधायक राजेंद्र प्रसाद सिंह ने शेड का निर्माण करवाया था, लेकिन आज तक शेड उन्हें नहीं मिला। जबकि बाजार में कई जिलों से आकर यहां मोटिया मजदूरी करते हैं। मजदूरी के बाद उनकेे साथी शाम को बाजार में ही जहां तहां ठहरते हैं। इससे परेशानी होती है। शेड उपलब्ध हो जाता तो उनके साथी स्थाई रूप से शेड में आराम करते।

कार्रवाई की जाएगी

शेड के बारे में अभी तक हमें जानकारी नहीं थी। मजदूरों को शेड अब तक क्यों नहीं मिला, स्थानीय मुखिया से पता लगाएंगे, यदि किसी ने कब्जा किया है, तो पता लगाकर उस पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। 

अखिलेश कुमार, बीडीओ, बेरमो।

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