नरेगा के संविदा कर्मचारियों ने अपनी लंबित चल रही मांगों को लेकर शुक्रवार को आक्रोश रैली निकाली और सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन से पूर्व मनरेगा संविदा कार्मिकों की भारत विकास परिषद उद्यान में बैठक हुई, जिसमें तय किया गया कि जब तक मांगें नहीं मानी जाती, सभी कार्मिक राजकार्य का बहिष्कार किया जाएगा। सोमवार से जिलास्तर पर बेमियादी धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। बाद में मुख्यमंत्री व पंचायतीराज मंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। ये कर्मचारी 5 साल से सरकार से अपनी मांगें पूरी करवाने को लेकर आंदोलनरत हैं और पिछले 19 दिन से हड़ताल पर हैं। इनकी मांग है कि नरेगा कार्मिकों की कंप्यूटर संबंधी समस्या का समाधान कर भर्ती में माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विवि से मान्यता प्राप्त कंप्यूटर कोर्स, अन्य मान्यता प्राप्त दूरस्थ शिक्षण संस्थाओं के कोर्स को भी पात्र माना जाए। आरएससीआईटी को मान्य किया जाए। पंचायतीराज एसएसआर भर्ती में नॉन सिविल जेटीए, नॉन कॉमर्स लेखा सहायक, नॉन एमबीए सहायक कार्यक्रम अधिकारी को कोर्ट के आदेशानुसार पात्र मानते हुए भर्ती में शामिल किया जाए। ग्राम विकास अधिकारी संघ जिलाध्यक्ष लीलाधर मिश्रा ने बताया कि प्रदर्शन में कंप्यूटर ऑपरेटर, ग्राम रोजगार सहायक, लेखा सहायक, कनिष्ठ तकनीकी सहायक, कार्यक्रम अधिकारी, समन्वयक आईईसी शामिल हुए।