स्वतंत्रता सेनानी किशनलाल सोनी के नाम पर रखाे सड़क और चौराहों के नाम
बूंदी| रेलवाले बाबा के नाम से प्रसिद्ध रहे स्वतंत्रतासैनानी स्व. किशनलाल सोनी के नाम पर शहर के किसी चौराहे, सड़क का नामकरण करने की मांग को लेकर स्वर्णकार समाज ने मंगलवार को नगरपरिषद सभापति महावीर मोदी को ज्ञापन सौंपा।
श्री मेढ़ क्षत्रिय स्वर्णकार समाज के बैनर तले सीतादेवी, प्रकाश सोनी, सपना सोनी, स्वर्णकार समाज के पूर्व अध्यक्ष भगवान सोनी, लालचंद सोनी, मुरारी सोनी, शानूकुमारी, हिना सोनी, संगठन के पूर्व मंत्री गिरीराज सोलीवाल सहित अन्य समाजबंधुओं ने ज्ञापन सौंपते हुए सभापति को बताया कि किशनलाल सोनी सर्वोदयी नेता थे, बूंदी में रेल लाने में उनका योगदान भुलाया नहीं जा सकता। वर्ष 1966 में तत्कालीन रेल मंत्री सुभागसिंह के बूंदी आगमन के दौरान सोनी ने उन्हें पीओपी की हस्तनिर्मित रैली इंजन की अनुकृति भेंटकर बूंदी को रेल सेवा से जोड़ने का आंदोलन शुरू किया। आजादी के बाद सोनी ने जीवनपर्यंत बूंदी को रेल से जोड़ने के लिए संघर्ष किया। फोरलेन से देवपुरा को जोड़नेवाले तिराहे पर उनकी प्रतिमा भी स्थापित की जाए।
राष्ट्रीय महिला आयोग की पूर्व अध्यक्ष ममता शर्मा ने शहर के किसी सर्किल, चौराहा, मार्ग का नामकरण भगवान परशुराम के नाम पर करने के लिए नगरपरिषद सभापति महावीर मोदी को चिट्ठी लिखी है। चिट्ठी में श्रीमती शर्मा ने लिखा कि भगवान परशुराम जन-जन के पूजनीय है। जनभावना को देखते हुए नगरपरिषद उनके इस सुझाव पर अमल करे।
शहर के प्रमुख मार्गों, चौराहा, सर्किलों, बाजारों के नामकरण महापुरुषों, योद्धाओं, स्वतंत्रतासैनानियों आदि के नाम पर रखने की मांग अब तक करीब 20 समाज-संगठन कर चुके हैं और अभी भी ऐसे ज्ञापन नगरपरिषद के पास आ रहे हैं। नगरपरिषद सभापति महावीर मोदी ने बताया कि ब्राह्मण समाज भगवान परशुराम और शहीद रामकरण,राजपूत समाज हाड़ी राणी और वीर कुंभा, माली समाज महात्मा ज्योतिबा फुले, दाधीच समाज महर्षि दाधीच, आर्य समाज आर्य समाज के नाम पर, माहेश्वरी समाज भगवान महेश-महेश्वराय, सैन समाज सैन भगवान, अग्रवाल समाज महाराज अग्रसेन, मुस्लिम समाज पीरजादा मौलाना चमन कादरी, दाऊदी बोहरा समाज सैयदना अली, बैरवा समाज महर्षि वाल्मिकी, विजयवर्गीय समाज श्रीरामचरण, स्वर्णकार समाज स्वतंत्रता सेनानी किशनलाल सोनी और राष्ट्रीय महिला आयोग अध्यक्ष ममता शर्मा भगवान परशुराम की मूर्ति लगाने और सड़क, चौराहा का नाम उनके नाम पर रखने की मांग कर चुकी हैं। नामकरण के लिए अभी संगठन-समाजों के ज्ञापन का सिलसिला चल रहा है। सभापति ने बताया कि चार-पांच रोज में शहर के इतिहास, संस्कृति के जानकारों, प्रबुद्धजनों की राय-सुझाव लेने के लिए नगरपरिषद में बैठक रखी जाएगी। इसके बाद 23 मई को नगरपरिषद बोर्ड बैठक में अब तक प्राप्त ज्ञापन और आए अन्य सुझाव रखे जाएंगे। जिस पर चर्चा के बाद प्रस्ताव पारित कर राज्य सरकार को भिजवाए जाएंगे।
बूंदी.बूंदी. स्वतंत्रतासैनानी के नाम पर शहर के चौराहे, सड़क का नामकरण करने की मांग की गई।