पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • गुढ़ा बांध की प्रोजेक्ट रिपोर्ट सरकार ने फिर मांगी क्योंकि अभी लोगों के लिए पानी रिजर्व नहीं होता

गुढ़ा बांध की प्रोजेक्ट रिपोर्ट सरकार ने फिर मांगी क्योंकि अभी लोगों के लिए पानी रिजर्व नहीं होता

3 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
गुढ़ा बांध से गांवों में पीने के लिए पानी पहुंचाने का खाका बन चुका है, लेकिन परियोजना की स्वीकृति से पहले बांध में पेयजल के लिए रिजर्व वाटर रखना जरूरी है। फिलहाल बांध में पशुओं के लिए पानी रिजर्व रखा जा रहा है।

जलदाय विभाग के प्रोजेक्ट डिविजन ने पिछले दिनों गुढ़ा बांध से हिंडौली ब्लॉक के 92 गांवों को पेयजल पहुंचाने के लिए प्रोजेक्ट बनाकर जयपुर भिजवाया था। प्रोजेक्ट पर अध्ययन शुरू हो चुका है, लेकिन खास बात यह है कि बांध में फिलहाल पेयजल के लिए रिजर्व वाटर नहीं रखा जाता है। ऐसे में सरकार ने गांवों में पेयजल की वास्तविक स्थिति की प्रोजेक्ट डिविजन से रिपोर्ट मांगी है। बांध की कुल भराव क्षमता 90 मिलियन क्यूबिक मीटर है। इसमें से 10 प्रतिशत पानी, यानी 9 मिलियन क्यूबिक मीटर पानी पेयजल के लिए रिजर्व रखने से हजारों ग्रामीणों को पेयजल संकट से राहत मिल सकती है। रिपोर्ट भेजने के बाद ही परियोजना की स्वीकृति के लिए आगे की प्रक्रिया शुरू हो सकेगी।

92 गांवों के लोगों तक पेयजल पहुंचाने की योजना

प्रोजेक्ट डिविजन ने गुढ़ा बांध पेयजल परियोजना में 92 गांवों को शामिल किया है, जिनमें बांध से पीने के लिए पानी पहुंचाया जा सकता है। शुद्ध पानी के लिए फिल्टर प्लांट-इंटेकवैल भी बनाया जाएगा। करीब 150 किमी लंबी पाइप लाइनें बिछाई जाएगी। तीन-चार गांवों के बीच टंकियां बनाई जाएगी।

फिलहाल सिंचाई के लिए छोड़ा जाता है पानी

गुढ़ा बांध जिले का सबसे बड़ा बांध है। हर वर्ष किसानों को इस बांध से सिंचाई के लिए पानी दिया जाता है। बांध में पानी रहने पर आसपास के गांवों में जलस्तर भी सही बना रहता है। बांध में पांच फीट पानी पशुओं के लिए रिजर्व रखा जाता है। एेसे में पेयजल के लिए रिजर्व रख लिया जाता है तो आमजन भी अपनी प्यास बुझा सकते हैं।

बूंदी. गुढ़ा बांध

हिंडौली:77 गांवों-ढाणियों में पेयजल संकट

हिंडौली ब्लॉक के कई गांवों-ढाणियों में पेयजल संकट के हालात बने हुए हैं। गर्मी बढ़ने के साथ हालात और विकट होते जाएंगे। वर्तमान में जलदाय विभाग द्वारा हिंडौली उपखंड के 75 गांवों में 96 टैंकरों से पानी पहुंचाया जा रहा है। इस बार बरसात की कमी के कारण नदी, नालों व बांधों में पानी की आवक न के बराबर हुई। जिनमें पानी की आवक हुई तो वे भी गर्मी की शुरुआत के साथ ही सुख गए। संकट से त्रस्त गांवाें में पेयजल की समस्या के स्थाई समाधान गुढ़ा बांध से किया जा सकता है।

हिंडौली ब्लॉक के गांवों की भेज रहे रिपोर्ट

सरकार के पास से पत्र मिला है। ऐसे में हिंडौली ब्लॉक के गांवों की वास्तविक रिपोर्ट भेजी जा रही है। वर्तमान में गुढ़ा बांध में पेयजल के लिए पानी रिजर्व नहीं रखा जाता है। जगतसिंह अरोड़ा, एक्सईएन, प्रोजेक्ट डिवीजन

खबरें और भी हैं...