झामुमो के सम्मेलन में ईचा खरकई डैम पर चर्चा
कोल्हान डाकबंगला परिसर कोकचो में झामुमो का पंचायत स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन किया गया। इसमें कोकचो पंचायत अन्तर्गत रोलाडीह, कोकचो, चिरची, कुलाबुरु, सिनी,इलिगाड़ा, घाघरा और तुंईबाना आदि गांवों के पार्टी कार्यकर्ता, ग्रामीण मुंडा, महिला समूह और समर्थक शामिल हुए। सम्मेलन को सम्बोधित करते हुए स्थानीय विधायक निरल पुरती ने कहा कि हेमन्त सोरेन के मुख्यमंत्रित्व काल में ईचा खरकई डैम पर सोशल इम्पैक्ट एसेसमेंटकराया गया था। उसमें जनजातीय परामर्शदात्री परिषद की टीम के सामने डूब क्षेत्र की ग्राम सभाओं ने सर्वसम्मति से डैम को रद्द करने का प्रस्ताव दिया था। इसकी अनुशंसा जनजातीय परामर्शदात्री परिषद ने की थी। इसके बावजूद रघुवर सरकार जबरन डैम बनाने पर अड़ी हुई है। 2019 में झामुमो का सरकार बनने पर जनजातीय परामर्शदात्री परिषद के अनुशंसा के आधार पर ईचा खरकई डैम को रद्द करने का कार्रवाई किया जाएगा। जिला सचिव सोनाराम देवगम ने कहा कि झामुमो झारखंड का विकास चाहता है परन्तु आदिवासी एवं मूलवासियों की कीमत पर नहीं। विकास के नाम पर बड़े पैमाने पर आदिवासी एवं मूलवासियों को उजाड़ने और विस्थापित करने के सरकार के किसी भी प्रयास का झामुमो हमेशा विरोध करता है और करता रहेगा। सम्मेलन को जिप सदस्य शशिभूषण पिंगुवा, प्रखंड अध्यक्ष जवाहर बोयपाई, मुखिया सुशील सामड, घाघरा मुंडा जयपाल विरुली, चिरची मुंडा सुपाय बारी, कोकचो मुंडा सुशील कालुन्डिया, मानाय कुन्टिया और विश्वनाथ बाड़ा ने भी सम्बोधित किया। सम्मेलन में रेंगो विरुली, महेन्द्र कालुन्डिया, अनु गोप, संजय कुमार गोप, पवन तिरिया, धर्मेंद्र कुम्हार, भोलानाथ सामड, संजीव देवगम, हीरोमोरा पुरती व कार्यकर्ता उपस्थित थे।
बैठक के बाद नारे लगाते जेएमएम के कायकर्ता व विधायक निरल पूर्ति।