वार्ड संख्या 2 के श्मशान काली के पास मैदान में फेंका जा रहा शहर का कचरा।
9 से 10 टन रोज कचरों का उठाव
हजार आबादी
सफाई कर्मी
डस्टबीन
डंपिंग प्वाइंट
कचरा उठाव का समय
सुबह 8 से दोपहर 1 बजे
49
60
40
01
चाईबासा में जगह-जगह पसरा कचरा, लोग समझ नहीं पा रहे, आखिर बेस्ट सिटी कैसे?
भास्कर न्यूज| चाईबासा
स्वच्छता सर्वेक्षण में चाईबासा को ईस्ट जोन में बेस्ट सिटी घोषित किया गया है। पर यहां कचरा प्रबंधन प्लांट भी नहीं है। खुले में कचरा फेंके जाते हैं। यहां के लोग समझ नहीं पा रहे है, आखिर बेस्ट सिटी कैसे है? अब नगर परिषद कचरा प्रबंधन प्लांट लगाएगा। इसके लिए 102 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। इधर, बेस्ट सिटी घोषित किए जाने से नगर परिषद के कर्मी खुश हैं। अध्यक्ष मिथिलेश कुमार ठाकुर ने इसे नप के कार्यपालक पदाधिकारी, कर्मचारियों सहित पूरी टीम के प्रयास व सहयोग का ही परिणाम बताया है। वार्ड संख्या 2 की पार्षद लालो लकड़ा का कहना है कि बाजार क्षेत्र में तो साफ- सफाई कर दी जाती है, लेकिन गली व मुहल्लों में कभी-कभार ही साफ- सफाई की जाती है। ऐसे में गली व मोहल्लों में कचरा का अंबार लगा रहता है। वार्ड संख्या 5 के पार्षद विप्लव कुमार ने कहा कि बाजार क्षेत्र की सफाई को ध्यान में रखते हुए ही सर्वेक्षण किया गया है। बाजार के आसपास गंदगी का अंबार लगा है।
स्वच्छता सर्वेक्षण में ईस्ट जोन में चाईबासा बेस्ट सिटी बना है, लेकिन हालात अलग
वार्ड नंबर 4 की पार्षद गंगा करवा ने कहा है कि वार्ड नंबर काफी हद तक सुधरा है, लेकिन जैसी साफ- सफाई होनी चाहिए थी, वैसी नहीं हुई है। मोहल्लों व गलियों गंदगी का अंबार अभी भी पसरा हुआ है। वार्ड संख्या 21 के विष्णु चिरानियां ने कहा कि शहरवासियों के यह गर्व की बात है। नए पार्षदों का भी इसमें योगदान व सहयोग रहा है। कहीं कुछ है तो उसे दूर किया जाएगा। नप के सफाई कर्मी व नप की पूरी टीम बधाई के पात्र हैं।
दो माह में लगेगा कचरा प्रबंधन का प्लांट
फिलहाल करीब 102 करोड़ लागत से सॉलिड बेस्ट मैनेजमेंट का टेंडर हो चुका है। जल्दी ही अमिता गांव के पास सॉलिड बेस्ट मैनेजमेंट का प्लांट लगाया जाएगा। इससे शहर की हर गलियां भी स्वच्छ दिखने लगेगी। उम्मीद जतायी जा रही है कि अगले एक- दो माह में यह काम भी शुरू हो जाएगा।
कॉमर्शियल एरिया में सबसे ज्यादा कचरा
सबसे ज्यादा कचरा जमा कॉमर्शियल एरिया में जमा होता है। शहर के सदर बाजार, टुंगरी, एसपीजी मिशन रोड, शहीद पार्क रोड व बड़ीबाजार कॉमर्शियल एरिया हैं। इन एरिया के डस्टबीन एक ही दिन में भर जाते हैं। ऐसे में इन क्षेत्रों में रोजाना कचरा उठाव करना पड़ता है।