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कार्रवाई नहीं होती, इसलिए दौड़ रही हैं जुगाड़ रेहड़ियां

3 वर्ष पहले
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इन रेहड़ियों के चलते शहर में ज्यादा एयर पॉल्यूशन भी हो रहा है। ट्राईसिटी में वैसे भी एयर पॉल्यूशन ज्यादा है। अगर एयर पॉल्यूशन को कंट्रोल करना है तो जुगाड़ रेहड़ियों को बंद करना जरूरी है।

रेहड़ियों पर यहां लगते हैं इंजन...

बुड़ैल, ट्रांसपोर्ट एरिया, सेक्टर-48 और सेक्टर-38 की मोटर मार्केट में इस तरह की रेहड़ियों में पुराने इंजन लगाए जाते हैं। दूसरी ओर लुधियाना की एक कंपनी लुधियाना में ही जेनरेटर लगाकर इस तरह की रेहड़ियां तैयार करती है। उसके बाद जीरकपुर में लाकर बेची जा रही हैं। ये रेहड़ी 70 हजार रुपए में बेची जा रही है।

इस वजह से खतरनाक...

रेहड़ियों पर जुगाड़ से इंजन लगा दिया जाता है। इसपर कुल खर्च 5 से 10 हजार रुपए आता है। इंजन बाइक का होने की वजह से ज्यादा स्पीड में इनकी ब्रेक भी नहीं लग पाती। यह जुगाड़ रेहड़ियां कभी अनकंट्रोल हो जाती हैं।

इस तरह की जुगाड़ रेहड़ियां चलाने वालों पर एसटीए के साथ मिलकर कार्रवाई की जाएगी। इन रेहड़ियों को जब्त किया जाएगा। -शशांक आनंद, एसएसपी ट्रैफिक

इस तरह की जुगाड़ रेहड़ियां चलाना गलत है। इनपर कार्रवाई भी की जाती है। जो लोग इन रेहड़ियों को मोडिफाई करने का काम कर रहे हैं उन पर कार्रवाई की जाएगी। -राजीव तिवारी, एडिशनल सेक्रेटरी स्टेट ट्रांसपोर्ट अथॉरिटी।

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