ठेकेदारों ने सोमवार को नगर निगम के चीफ इंजीनियर मनोज बंसल के ऑफिस के सामने धरना दिया। यह धरना निगम में फरवरी 2018 तक करवाए गए कामों के बकाया की मांग को लेकर दिया गया। ठेकेदारों को पिछले सप्ताह मेयर देवेश मोदगिल नेे भरोसा दिया था कि 20 मई तक बकाया पेमेंट दिलाने का प्रयास करेंगे, लेकिन सोमवार को मेयर देवेश मोदगिल ऑफिस में नहीं थे। मेयर ने फोन पर ठेकेदारों को मंगलवार को मिलने का समय दिया है। इसके बाद आगे की नीति तय होगी। बाद में ठेकेदारों के चार सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल को निगम कमिश्नर जितेंद्र यादव ने बात करने के लिए बुलाया। लेकिन धरने पर बैठे ठेकेदार ने कहा कि निगम कमिश्नर से सभी मिलेंगे, वरना कोई नहीं मिलेगा। निगम कमिश्नर ने सभी धरने पर बैठे ठेकेदारों को मिलने से मना कर दिया। इसके बाद ठेकेदार निगम के चीफ इंजीनियर मनोज बंसल से मिले। बंसल से बकाया पेमेंट दिए जाने की मांग की। पहले मेयर देवेश मोदगिल ने 20 मई तक बकाया पेमेंट दिलाने का आश्वासन दिया था। अभी तक कुछ नहीं हो रहा है। अगर पेमेंट नहीं मिली तो वे काम छोड़कर धरने पर बैठ जाएंगे। उन्हें बताया जाए कि बकाया पेमेंट ठेकेदारों को कितने दिन तक मिल जाएगी।
निगम के चीफ इंजीनियर ने ठेकेदारों को क्लियर कर दिया कि मेयर और निगम कमिश्नर ठेकेदारों की बकाया पेमेंट दिलाने के लिए प्रयास कर रहे हैं। इसी के तहत प्रशासन से अतिरिक्त फंड मांगा गया है। लेकिन प्रशासन से निगम को फंड कब मिलता है, इसकी उन्हें कोई जानकारी नहीं है। इस लिए वे ठेकेदारों को बकाया पेमेंट दिलाने के लिए कोई आश्वासन नहीं दे सकते हैं। इसमें समय लग सकता है।