मोटर एक्सीडेंट क्लेम ट्रिब्यूनल ने सड़क हादसे में जान गंवाने वाली एक टीचर के बेटे को 25 लाख रुपए मुआवजा दिए जाने का फैसला सुनाया है। न्यू पब्लिक स्कूल की टीचर सतिंदर कौर की सड़क हादसे में मौत हो गई थी। 11 साल के बेटे दमनजीत बग्गा की ओर से जिला अदालत में पिटीशन दायर की गई थी। कहा कि सतिंदर कौर न्यू पब्लिक स्कूल में टीचर थी और उसकी महीने की सेलरी 21 हजार रुपए थी। इसके अलावा वे ट्यूशन भी पढ़ाती थी जिससे उन्हें 10 हजार रुपए इनकम थी। उनके परिवार ने 80 लाख रुपए क्लेम की मांग की थी। पिटीशन के मुताबिक नवंबर 2017 को सतिंदर कौर शाम को 4 बजे अपने स्कूटर से सेक्टर-71 मोहाली दवाएं खरीदने गई थी। साथ में उनका बेटा भी था। वे दोनों दवाएं लेकर जाने लगे तो उनके लेफ्ट साइड से एक्सयूवी कार तेज रफ्तार से आई और उसने उनके स्कूटर को हिट कर दिया। कार को मोहाली निवासी हरप्रीत कौर चला रही थीं।
11 साल के बेटे ने किया था केस
कार चलाने वाली महिला ने कहा- गाड़ी से टक्कर नहीं हुई...
कार की टक्कर से सतिंदर और उनका बेटा गिर गए। हरप्रीत घायलों को आईवीवाई हॉस्पिटल पहुंचाया, लेकिन उसके बाद हरप्रीत वहां से निकल गई। हरप्रीत ने मोटर एक्सीडेंट क्लेम ट्रिब्यूनल में जवाब दिया कि उसके खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज किया गया है। उसकी गाड़ी से ऐसा कोई एक्सीडेंट नहीं हुआ। लेकिन दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद कोर्ट ने मृतक के परिवार की तरफ से दायर याचिका को सही ठहराया।