जिले में आमलोगों को सुविधा उपलब्ध कराने को लेकर जिला अवर निबंधन कार्यालय को पूरी तरह कंप्यूटरीकृत कर दिया गया है। कार्यालय में भूमि निबंधन के अलावे सभी तरह के कार्य ऑनलाइन हो रहे हैं। लेकिन जनहित में लिया गया यह निर्णय आज आमलोगों के साथ-साथ जिला प्रशासन के लिए गले का हड्डी बन गई है। निबंधन कार्यालय का ऑनलाइन व्यवस्था जिलेवासियों के लिए परेशानी का सबब बन गया है।
कार्यालय में ऑनलाइन कार्यों के निष्पादन को ले लगाया गया बीएसएनएल का झारनेट व्यवस्था विगत एक सप्ताह से फेल है। झारनेट का लिंक नहीं रहने के कारण भूमि निबंधन का कार्य भी पूरी तरह ठप पड़ा हुआ है। लिंक फेल रहने से भूमि निबंधन को ले ग्रामीण क्षेत्रों से निबंधन कार्यालय पहुंचने वाले आमलोगों को लाख परेशानियों का सामना करने के बाद भी बैरंग लौटना पड़ रहा है वहीं सरकार को भी प्रतिदिन लाखों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है। इधर विगत एक सप्ताह से लिंक फेल रहने के कारण ठप पड़े भूमि निबंधन कार्य को नियमित करने को ले जिला अवर निबंधन पदाधिकारी राजेश सिन्हा ने उपायुक्त सह जिला निबंधक को त्राहिमाम पत्र भेजा है। पत्र के माध्यम से रजिस्ट्रार ने डीसी को कार्यालय के ऑनलाइन सिस्टम का हवाला देते हुए बीएसएनएल की लचर व्यवस्था से अवगत कराते हुए निबंधन कार्य सुचारू करने को ले प्राइवेट कनेक्शन उपलब्ध कराने की मांग की है। इसके अलावे रजिस्ट्रार ने बीएसएनएल के अवर अनुमंडल पदाधिकारी को भी पत्र भेजकर ठप पड़े झारनेट लिंक को दुरुस्त करने की मांग की है। गौरतलब है कि जिले में सभी सरकारी कार्यों का निष्पादन ऑनलाइन होता है। कार्यालयों में ऑनलाइन कार्यों के निष्पादन को ले बीएसएनएल के सहयोग से झारनेट लगाया गया है। लेकिन बीएसएनएल की दयनीय स्थिति के कारण आए दिन यह व्यवस्था बाधित रहता है।