जिला भीषण गर्मी से तप रहा है। सोमवार को यहां तापमान 40 डिग्री सेल्सियस पार कर गया है। गर्मी से बचने के लिए ज्यादा तर लोग घरों में ही रहना पसंद कर रहे हैं। लेकिन इन्हें घरों में भी चैन नहीं मिल रहा है। क्योंकि यहां बिजली अनियमित बदस्तुर जारी है। दिन दिन भर बिजली काट दी जा रही है। बिजली नहीं रहने के कारण लोग कूलर और पंखे की लुत्फ से वंचित रह जा रहे है। बिजली की आंख मिचौनी से शहरी पेयजल आपूर्ति तो प्रभावित है ही छोटे-मोटे कुटीर उद्योग पर भी असर पड़ रहा है। लोग पीने का पानी के लिए तरस रहे है। दो से तीन किलो मीटर दूरी तय कर पेयजल की व्यवस्था कर रहे है।
शहर में लोड शेडिंग और फॉल्ट के नाम पर हर दिन 14 घंटे बिजली बाधित हो रही है। इसमें डीवीसी हर दिन लोड शेडिंग के नाम पर आठ घंटे बिजली की कटौती कर रही है। शहर में लगे अधिकांश तार जर्जर हो गया है। लगातार बिजली आपूर्ति होने पर तार फॉल्ट होकर टूटकर गिर जाता है। तार की मरम्मत में हर दिन औसत छह घंटे बिजली ठप हो जाती है। डीवीसी से 16 घंटे बिजली मिलती है। इसमें छह घंटे बिजली तार की मरम्मत में रोक दिया जाता है। इस तरह शहर को मात्र 10 घंटे ही बिजली मिल पाती है। जेई अशोक कुमार ने बताया कि डीवीसी हर दिन आठ घंटे बिजली की कटौती कर रही है। तार फाल्ट की मरम्मत के लिए पावर सबस्टेशन से बिजली काट दी जाती है।