सिमरिया में टीबी के मरीज को नहीं मिली दवा, डॉक्टर ने कहा- हजारीबाग ले जाओ, लेकिन एंबुलेंस नहीं, प|ी ठेले पर पति को लाद कर वापस घर ले आई
भास्कर न्यूज | सिमरिया (चतरा)
रेफरल अस्पताल सिमरिया में टीबी का इलाज कराने आए कुट्टी निवासी सुखारी भुइयां को परेशान होकर लौटना पड़ा। आर्थिक तंगी से जूझ रही प|ी उन्हें इलाज कराने के लिए रेफरल अस्पताल ले आईं, जहां डॉक्टरों ने जांच कर दवा लिखी। कहा-अस्पताल में दवा उपलब्ध नहीं ह। बाहर से खरीद लें। साथ हीं यह कहते हुए बैरंग वापस कर दिया कि अस्पताल में इलाज की पर्याप्त सुविधा नहीं है, इसलिए पति को हजारीबाग सदर हॉस्पिटल ले जाओ। भीषण गर्मी में पति का इलाज कराने रेफरल अस्पताल लेकर आईं प|ी ने किराए पर ठेला मंगाया और पति को ठेले पर लाद कर वापस घर लौट गईं।
प|ी का कहना है कि हम लोग मजदूरी कर जीवन यापन करते हैं, लेकिन पति के बीमार होने के कारण अभी मजदूरी भी नहीं कर पा रहे हैं। इससे आर्थिक स्थिति और खराब हो गई है। घर में तीन छोटे-छोटे बच्चे हैं। ऐसे में पति को हजारीबाग इलाज के लिए ले जाने को असमर्थ हैं। उन्होंने कहा- रेफरल अस्पताल में डॉक्टरों ने साफ कहा कि अस्पताल में टीबी मरीज के इलाज के लिए न कोई दवा नहीं है, इसलिए हजारीबाग ले जाओ, लेकिन एंबुलेंस की कोई व्यवस्था नहीं है। अपनी व्यवस्था करो।