लहसुन उत्पादक में फायदे के लिए भावांतर योजना में संशोधन
लहसुन उत्पादक किसानों के फायदे के लिए भावांतर भुगतान योजना में संशोधन किया गया है। अब यदि किसान का लहसुन 1600 रुपए प्रति क्विंटल से कम मूल्य पर भी बिकता है, तो भी उसे भावांतर योजना का लाभ मिलेगा। राज्य शासन ने 9 अप्रैल को वर्ष 18-19 के लिए लहसुन फसल के लिए भावांतर की देय राशि अधिकतम 800 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित की थी। यदि 1600 रुपए प्रति क्विंटल से कम मूल्य पर लहसुन बिकता, तो उसकी गुणवत्ता को निम्न मानते हुए भावांतर योजना का लाभ नहीं देने का प्रावधान था। मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार किसानों के हित में यह प्रावधान समाप्त कर दिया गया है।