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उच्च शिक्षित व सामान्य वर्ग अभ्यर्थियों ने सफाईकर्मी बनने को जमा कराए आवेदन, इसलिए 97 पदों के लिए 2000 आवेदक
भास्कर संवाददाता | चित्तौड़गढ़
नगरपरिषद में सफाई कर्मियों के 97 पदों के लिए दो हजार लोगों ने आवेदन पत्र जमा कराए है। इनमें बड़ी संख्या में उच्च शिक्षित अभ्यर्थी भी शामिल है। सवर्ण जातियों के लोग भी सफाईकर्मी बनने को आवेदन कर रहे हैं। एक रिटायर ईओ के पुत्र ने भी आवेदन जमा कराया है।
स्वायत्त शासन विभाग द्वारा सफाईकर्मी भर्ती प्रक्रिया 20 अप्रैल को शुरू की गई थी। चित्तौड़गढ़ नगरपरिषद में आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि मंगलवार सुबह नौ बजे से आवेदकों की लाइन लग गई। ऐसे में दो काउंटर लगाने पड़े। भर्ती में 97 पदों के लिए तीन हजार लोगों ने फार्म प्राप्त किए थे। इनमें से करीब दो हजार आवेदकों ने आवश्यक पूर्ति कर फार्म जमा कराए हैं। हालांकि आवेदन जमा कराने की प्रक्रिया एक मई से शुरू हो गई थी पर आखिरी तीन-चार दिन में ही फार्म जमा होने लगे। एक दिन पहले सोमवार को करीब एक हजार आवेदकों ने फार्म जमा कराए थे। अब नगरपरिषद प्रशासन फार्मों की जांच करेगा। सफाईकर्मी बनने के लिए महज साक्षर होना ही पर्याप्त है पर इसके लिए बीए, बीएड, सीपीएड, एमए, एमसीए, एमबीए, फायर ट्रेनिंग और आईटीआई कर चुके अभ्यर्थी भी दौड़ में शामिल हो गए। कुल जमा हुए करीब दो हजार आवेदनों में महिला आवेदकों की संख्या लगभग 1200 है। मजेदार बात यह कि मंगलवार को आवेदन जमा कराने के आखिरी दिन भी दोपहर तक 70 नए लोगों ने आवेदन पत्र प्राप्त किए।
मंगलवार को आवेदन पत्र जमा कराने की कतार में सर्वाधिक महिलाएं थीं। उपनगरीय क्षेत्र की वाल्मीकि बस्ती निवासी एक परिवार की सास, बहू व ननद ने एक साथ आवेदन पत्र जमा कराए। आवेदक कई महिलाएं बीए, बीएड हैं।
नगर परिषद में सफाईकर्मी के आवेदन जमा करने आखिरी दिन लगी कतार, दो काउंटर लगाए
जनरल अभ्यर्थी बोले-परिभाषा बदल गई है, जुड़ने से क्या संकोच
आवेदकों में परंपरागत रूप से सफाई कार्य से जुड़े वाल्मीकि समाज के तो बडी संख्या में लोग हैं ही, पहली बार जनरल, ओबीसी और एससी-एसटी वर्ग के लोग भी इसमें शामिल हुए। भर्ती सभी के लिए खुली होने से बेरोजगारों ने बिना संकोच आवेद किए हैं। सिरोड़ी निवासी नारायणलाल शर्मा ने आवेदन जमा कराते हुए कहा कि इसका मतलब यह नहीं है कि वह गंदगी ही उठाएगा। अब सफाईकर्मी की परिभाषा बदल गई है। सेवानिवृत्त ईओ स्वर्गीय हरिसिंह चौहान के पुत्र कुंदनसिंह ने भी आवेदन जमा कराते हुए कहा कि पीएम मोदी सहित राज्य सरकारें स्वच्छता मिशन को विकास का मूल मानते हुए काम कर रही हैं तो इस पद के लिए आवेदन करने में क्या हिचक है।