चित्तौड़गढ़ | निरंकारी सत्संग भवन में सत्संग हुआ। जिसमें मिशन की बहन मंजूबाई ने कहा कि निराकार प्रभु परमात्मा हमारे संग है। प्रभु परमात्मा सब में समाए हुए हैं। जरूरत है हमें सदगुरु से ज्ञान प्राप्त करने की।
हमें पूरण सदगुरु का सानिध्य प्राप्त कर प्रभु परमात्मा की प्राप्ति करनी चाहिए। प्रीत, प्यार, सत्कार, नम्रता, सहनशीलता, सहिष्णुता, शीतलता, भाइचारे की भावना होगी तो जीवन सार्थक बन जाएगा। इधर प्रवक्ता दुर्गाशंकर सेवक ने बताया कि सत्संग में देविका बंधु, नमन राव, सीमा निंबाहेड़ा, प्रियांशु चंचलानी, दीपक नटराज, रतन बंधु, सुरेश शर्मा दुर्ग, नारायण सालवी, कविता खटीक, राजेंद्र कोदली, रेशम नेभनानी, अनिता आगरा, रामेश्वरी आहुजा निम्बाहेड़ा, सन्नी पारेता, मुस्कान एवं नंदादेवी, बसंती गोयल ने रचनाएं प्रस्तुत कीं। मिशन के जिला संयोजक भोलाराम ने भी विचार रखे। सत्संग का संचालन इंदू बहन चंचलानी ने किया।