कस्बा डहीना की पीएचसी को सीएचसी का दर्जा दिए जाने की मांग उठने लगी है। इसे लेकर दक्षिण हरियाणा विकास लोक मंच ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का दर्जा देने की आवाज उठाई है।
अध्यक्ष बाबू जगजीत सिंह व महासचिव प्रो. रणबीर सिंह ने सीएम को भेजे पत्र में बताया कि राज्य सरकार का प्रत्येक विकास खंड में सीएचसी खोलने की नीति है। लेकिन विकास खंड डहीना में कहीं भी सीएचसी की सुविधा नहीं है। जबकि विकास खंड डहीना की आबादी लगभग डेढ़ लाख है। कस्बा डहीना की पीएचसी रुरल डिस्पेंसरी के रूप में वर्ष 1924 से चल रही है। यह पीएचसी लगभग 4 एकड़ के परिसर में बनी हुई है। उन्होंने बताया कि उक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सीएचसी अपग्रेड करने की शर्तें भी पूरी करता है। रेवाड़ी में नई सीएचसी बनाए लंबा अरसा बीत गया है। जबकि राज्य के अन्य जिलों में कई-कई नई सीएचसी बन गई है।
उन्होंने कहा कि एक तरफ प्रधानमंत्री नागरिकों के बेहतर स्वास्थ्य पर जोर दे रहे हैं, दूसरी तरफ यहां नई सीएचसी नहीं बनाई जा रही है। उन्होंने कहा कि कुरुक्षेत्र में 100 बिस्तर के नागरिक अस्पताल का 39 करोड़ रुपए की लागत से वातानुकूलित भवन बन रहा है। जबकि यहां उक्त कस्बा सीएचसी बनने की बाट देख रहा है। इस कस्बे के आसपास दो दर्जन से ज्यादा गांव लगते हैं, जिससे यहां सीएचसी बनना जरूरी है। उन्होंने सीएम से जल्द इस तरफ संज्ञान लेने की मांग की है।