किसानों से सौतेला व्यवहार कर रही भाजपा सरकार: सिंह
जिले का किसान सूखा, अतिवृष्टि, ओला वृष्टि झेल रहा है। जब किसान अपनी कृषि उपज को बेचने के लिए सरकारी खरीदी केन्द्रों पर जाता है तो उसे समस्याओं का सामना करना पड़ता है। शासकीय गेहूं खरीदी केन्द्रों पर आम किसानों को गेहूं की तुलाई के लिए 15 से 20 दिन तक का इंतजार करना पड़ रहा है। खरीद केन्द्रों पर दलाल व व्यापारी सक्रिय हैं। सबसे ज्यादा किसानों को परेशान किया जा रहा है। कभी बारदाने के नाम पर और कभी तुलाई लेबर के नाम पर। भाजपा सरकार किसानों के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। यह बात पूर्व विधायक घनश्याम सिंह ने बुधवार को स्थानीय कृषि उपज मंडी के सामने आयोजित एक दिवसीय धरना को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित करते हुए कही।
उन्होंने कहा कि जिले के अंदर भावांतर फसल खरीद केंद्र बनाए गए हैं। वहां पर किसानों की फसल को खराब बताकर व्यापारी एवं दलालों को लाभ दिया जा रहा है। दूसरी ओर सत्यापन के नाम पर आम किसान का उपज की रकबा प्रति क्विंटल हेक्टेयर भी कम कर दिया है भावांतर योजना के अंतर की राशि शीघ्र किसानों के खाते में भेजी जाए। कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष मुरारी लाल गुप्ता ने कहा कि किसानों को अपनी फसल की राशि के भुगतान के लिए भी 20 से 25 दिनों तक इंतजार करना पड़ रहा है। कृषि विभाग द्वारा चलाई जा रही योजनाओं का लाभ किसानों को नहीं मिल पा रहा है। विभागीय कर्मचारियों, अधिकारियों की किसान तक पहुंच नहीं है। गेहूं, चना, सरसों, मसूर खरीद की राशि का शीघ्र भुगतान किया जाए। सूखा राहत में राशि डालने के लिए पटवारी किसानों को परेशान कर रहे है। इसके बदले में किसान से रिश्वत मांगी जा रही है। धरना की अध्यक्षता कांग्रेस अध्यक्ष नहार सिंह यादव ने की। इस मौके पर ठाकुरदास, उषा नहार, खुमान सिंह बेचैन, नरेंद्र गुर्जर, विष्णु गुर्जर, अनिल श्रीवास्तव, गुड्डी जाटव, पातीराम पाल, रामदास उत्साही, पंजाब सिंह यादव, मुमताज शेख, अनिमेष शुक्ला सहित तमाम लोग मौजूद रहे। धरना के पश्चात एक ज्ञापन कलेक्टर के नाम नायब तहसीलदार ओपी तिवारी को सौंपा गया। संचालन प्रदीप गुर्जर एवं आभार अभिषेक तिवारी द्वारा व्यक्त किया गया।
प्रदर्शन
कांग्रेस ने किसानों की समस्याओं को लेकर दिया धरना, सौंपा ज्ञापन
धरने को संबोधित करते कांग्रेस नेता।