ग्रीष्मकालीन शिक्षक प्रशिक्षण आवासीय शिविर का पहला चरण सोमवार से शुरू हुआ। नांगल बैरसी रोड स्थित फ्रेम इंटरनेशनल स्कूल में दौसा ब्लॉक के शिविर का एसएसए एडीपीसी अशोक शर्मा ने शुभारंभ किया। इस मौके पर एडीपीसी अशोक शर्मा ने शिक्षकों से कहा कि आनंद के साथ प्रशिक्षण लें। इसी कड़ी में दौसा बीईईओ बृजमोहन गुप्ता ने कहा कि जिस काम को करना है, उसे टेंशन फ्री होकर करें।
छह दिवसीय शिविर में हिंदी-पर्यावरण के दो बैच में 80 और अंग्रेजी-गणित के एक बैच में 40 शिक्षक पंजीकृत हैं, लेकिन 120 में से 116 शिक्षक प्रशिक्षण में शामिल हुए। हिंदी-पर्यावरण के दूसरे बैच में 40 में से 36 शिक्षक उपस्थित रहे। शिविर में हिंदी विषय का प्रशिक्षण शंभूदयाल बैरवा, झूठालाल सैनी, पर्यवारण विषय में कमलकांत शर्मा, सुरेश चंद शर्मा और अंग्रेजी में जटाशंकर शर्मा व निरंजन चौधरी देंगे। शिविर प्रभारी राउमावि महेश्वरा के प्रधानाचार्य महेश चंद शर्मा हैं, जबकि प्रशिक्षण प्रभारी की जिम्मेदारी मोहन लाल गुर्जर को दी गई है। ब्लॉक कार्डिनेटर दौसा बीईईओ बृजमोहन गुप्ता व सह कार्डिनेटर एडीईओ प्रा. रामावतार शर्मा है। उद्घाटन पर फ्रेम इंटरनेशनल स्कूल की ओर से फूलचंद व पंकज कुमार भी मौजूद थे।
शिक्षक प्रशिक्षण शिविर पूर्णत: आवासीय हैं। यानी शिक्षकों को पूरे 6 दिन तक शिविर स्थल पर ही 24 घंटे रहना होगा। इस तरह के आदेश से शिक्षक तो टेंशन में हैं ही, साथ में अधिकारियों के लिए भी चुनौती है। शतप्रतिशत शिक्षकों का शिविर स्थल पर रात्रि ठहराव सुनिश्चित करना अधिकारियों के लिए आसान काम नहीं होगा। हालाकि अधिकारियों ने अपनी जिम्मेदारी को कम करने के लिए शहर से बाहर शिविर आयोजित कराया, जहां आसानी से मीडिया कर्मी भी नहीं पहुंचे सकें। ऐसे में उच्चाधिकारियों को देर रात में शिविरों का निरीक्षण करना होगा, जिससे यह पता चल सके कि कितने शिक्षक रात में ठहरते हैं।