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कंपनी में ईटीपी हुआ अपग्रेड, अब काली राख व वाॅटर डिस्चार्ज से मिलेगी राहत

बरवाला रोड पर सैदपुरा स्थित नेक्टर लाइफसाइंसेज लिमिटेड की काली राख व वाॅटर डिस्चार्ज की शिकायतों से स्थानीय...

Danik Bhaskar | Jun 17, 2018, 02:00 AM IST
बरवाला रोड पर सैदपुरा स्थित नेक्टर लाइफसाइंसेज लिमिटेड की काली राख व वाॅटर डिस्चार्ज की शिकायतों से स्थानीय लोगों को अब हमेशा के लिए छुटकारा मिल जाएगा। कंपनी के यूनिट दो को जीरो लिक्विड डिस्चार्ज यूनिट बनाने की गरज से कंपनी द्वारा एडवांस्ड तकनीक से लैस एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट (ईटीपी) अपग्रेड किया जा रहा है। पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के चेयरमैन काहन सिंह पन्नू (आईएएस) ने शनिवार को इसका नींव पत्थर भी रखा।

चेयरमैन पन्नू ने बताया कि बल्क ड्रग तैयार करने वाली नेक्टर लाइफ साइंसेज का नया ईटीपी 15 महीने के भीतर चालू हो जाएगा। इससे पहले कंपनी के बॉयलर की काली राख और वाटर डिस्चार्ज के बारे में लोगों की शिकायतें बोर्ड को मिल रही थीं। वाॅटर डिस्चार्ज बाहर प्लांटेशन के लिए इस्तेमाल हो रहा था। लेकिन, इस समस्या के समाधान के लिए कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर संजीव गोयल समेत प्रबंधकों के साथ बोर्ड की एक बैठक हुई थी। जिसमें कंपनी नई तकनीक से लैस एडवांस्ड ईटीपी अपग्रेड करने को राजी हो गई थी। इस नए ईटीपी के चालू होने पर न नेक्टर का उक्त यूनिट जीरो लिक्विड डिस्चार्ज युनिट बन जाएगा। बल्कि, लोगों को प्रदूषण संबंधी शिकायतों से भी निजात मिल जाएगी।

नए अपग्रेडेड ईटीपी के नींव पत्थर के मौके पर बोर्ड के चीफ एन्वॉयरमेंटल इंजीनियर गुलशन राय, एन्वॉयरमेंटल इंजीनियर लवनीत दूबे और एसडीओ गुरशरण दास गर्ग के अलावा कंपनी के वाइस प्रेजिडेंट एचपी सिंह भी मौजूद थे। बोर्ड के अधिकारियों ने मौजूदा बॉयलर की राख की डिस्पोजल व वाटर ट्रीटमेंट संबंधी तकनीक का विस्तारपूर्ण जायजा लिया।

वहीं, कंपनी से कहा गया है कि काली राख की डिस्पोजल को मिट्टी को हरी घास से कवर किया जाए। साथ ही कंपनी को निर्देश दिए गए हैं कि कंपनी परिसर में मौजूदा ड्रेन को तुरंत साफ किया जाए, जिसकी प्रक्रिया जारी है। इस संबंध में अगली सुनवाई 18 जून को तय की गई है।

डेराबस्सी के नेक्टर लाइफ साइंसेज में काली राख व वाटर डिस्चार्ज का जायजा लेते हुए बोर्ड के चेयरमैन काहन सिंह पन्नू व उनकी टीम।