कब्जा: बसों को आने-जाने के लिए ही नहीं मिलती जगह
साल भर पहले बस स्टैंड परिसर में से हटाया गया अतिक्रमण अब जस का तस हो गया है। बस स्टैंड पर आलम यह है कि यहां बसों को तक पहुंचने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। हालात यह है कि बसों के आने व जाने के दौरान हादसों के संभावना बनी रहती है। बस स्टैंड क्षेत्र से करीब सालभर पहले पंचायत द्वारा अतिक्रमण हटाया गया था। इसके बाद से आज तक अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई नहीं की गई है। जिस कारण यहां बसों को निकलने के लिए तक जगह नहीं बची है।
बस स्टैंड परिसर में 8फीट की दुकान संचालित कर रहे लोगों ने 10 से 15 फीट अतिक्रमण कर लिया है। जिससे यहां बसों के आवागम के दौरान घटनाएं होने का अंदेशा बना रहता है। बस स्टैंड पर करीब 100 से अधिक बसों का अवागमन है। वहीं प्रतीक्षालय के पास लोग वाहन खड़े करके चल जाते हैं। जिससे बसों के आवागमन में परेशानी होती है। बस कंडेक्टर, नासिर, वसीम, शोएब, राजेश ने बताया कि कई बार स्टैंड पर घटनाएं भी घट चुकी हैं। बस का समय मिलाने में भी परेशानी हो जाती है। बस स्टैंड परिसर में बसों को रवाना करने में भी परेशानी का सामना करना पड़ता है। यदि कोई घटना घट जाती है तो हमें जिम्मेदार ठहराया जाता है।
सालभर से नहीं हुई अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई : पंचायत द्वारा करीब साल भर से बस स्टैंड क्षेत्र से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई नहीं की है। जिसके कारण लगातार अतिक्रमण होता जा रहा है। जिसकी जहां मर्जी होती है ठेला व गुमठी लगाकर अतिक्रमण कर लिया जाता है। बसों के आवागमन के दौरान यहां पैदल निकलने में भी परेशानी का सामना करना पड़ता है। वहीं बसों को निकलने में भी काफी समस्या होती है।