सुदर्शन चंदेल।
सुदर्शन चंदेल।
भास्कर न्यूज | देवगढ़
दिवेर क्षेत्र के गौरीधाम कुंड पर शनिवार शाम नहाने गए तीन युवकों की डूबने से मौत हो गई। तीनों मामा-बुआ के भाई थे। इनमें से दो युवक मामा की लड़की की सगाई के कार्यक्रम में आए थे जबकि तीसरा युवक उसी लकड़ी का भाई था, जिसकी सगाई हो रही थी। काफी तलाश के बाद एक युवक का शव रविवार रात को निकाला जा सका तो दो के शव रविवार को कुंड में पानी के ऊपर मिले। देवगढ़ थानाधिकारी राजेंद्र गोदारा ने बताया कि पोटला (भीलवाड़ा) निवासी चेतन (28) पुत्र गोपीलाल खटीक, बग्गड़ निवासी सुदर्शन उर्फ बबलू (22) पुत्र धर्मचंद चंदेल व लांबोड़ी निवासी राधेश्याम (27) पुत्र रतनलाल खटीक की कुंड में डूबने से मौत हो गई। हादसे में मरने वाले बग्गड़ निवासी सुदर्शन चंदेल की बहनों का 17 मई को अंगूठी पहनाने का दस्तूर होने से सभी रिश्तेदार बग्गड़ आए हुए थे। तीनों भाई शनिवार सुबह नहाने के लिए सुबह करीब साढ़े आठ बजे घर से स्कूटी लेकर निकले थे। इन्होंने कामलीघाट चौराहे से नाश्ता पैक करवाया और यहां से गौरीधाम चले गए। गौरीधाम में रहने वाले महाराज से इन्होंने स्नान करने के बाद नाश्ता करने की बात कही थी। महाराज ने नीचे वाले कुंड में नहाने से मना किया था। इसके बाद भी सुबह करीब साढ़े 11 बजे ये कुंड में नहाने चले गए। शाम साढ़े 4 बजे तक घर नहीं लौटने पर परिजनों ने मोबाइल पर कॉल लगाया तो कवरेज क्षेत्र से बाहर आने पर परिवार वालों की चिंता बढ़ गई। तलाश करते हुए परिजन कामलीघाट रेलवे स्टेशन के आस पास पहुंचे तो पूछताछ में पता चला कि सुबह नाश्ता लेकर गौरीधाम निकले हैं। परिजन शाम करीब सवा 6 बजे गौरीधाम पहुंचे। जहां पुजारी ने तीनों के यहां गाड़ी लेकर आने की बात कही। परिजनों को कुंड के बाहर इनके मोबाइल, कपड़े, जूते देखकर परिजन बेसुध हो गए। गौरीधाम में मोबाइल का नेटवर्क नहीं चलता है। इसलिए बाहर आकर परिवार एवं पुलिस को सूचना दी। इस पर दिवेर थाने से एएसआई धनसिंह मौके पर पहुंचे और लोगों की सहायता से रेस्क्यू शुरू किया। रात होने पर भी लोग उन्हें तलाशते रहे। रात करीब 12 बजे चेतन का शव बाहर निकाल लिया। शेष दो युवकों के शव नहीं निकाले जा सके। रविवार सुबह लोग रेस्क्यू करने पहुंचे तो कुंड के पास दोनों युवक के शव पानी के ऊपर मिले। इस पर डीएसपी भीम जिनेंद्रकुमार जैन, देवगढ़ थानाधिकारी राजेंद्र गोदारा सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे।
सुदर्शन दो बहनों का इकलौता भाई था
बग्गड़ निवासी सुदर्शन चंदेल दो बहनों के बीच घर का इकलौता लकड़ा था। धर्मचंद चंदेल की दोनों लड़कियों की गुरुवार को रिंग सेरेमनी का कार्यक्रम था। दोनों युवक भी रिंग सेरेमनी कार्यक्रम में आए हुए थे। सुदर्शन सिविल में बीटेक फाइनल का स्टूडेंट था।
चेतन ने दो दिन पहले ही पसंद की थी लड़की : चेेतन अहमदाबाद में भंगार का काम करता था। दो दिन पहले अहमदाबाद से लड़की देखने नरसाद का गुड़ा गया था। जहां लड़की पसंद की थी।
राधेश्याम की तीन महीने पहले हुई थी शादी : राधेश्याम सूरत गुजरात में सुपारी बेचने का कारोबार करता था। 17 फरवरी को भीम के पाटिया का चौड़ा में शादी हुई थी।