4 दिन से नहीं बिका गेहूं, संघर्ष की चेतावनी
4 दिन से मंडी में बैठकर सरकारी खरीद एजेंसियों का इंतजार कर रहे किसानों ने आक्रोशित होकर नारेबाजी की। उन्होंने गेहूं के पास ही अनाज मंडी में प्रदेश सरकार व केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। साथ ही उन्होंने कहा कि अगर 24 घंटे के भीतर उनकी गेहूं नहीं उठाई गई तो वह नेशनल हाईवे जाम करने से पीछे नहीं हटेंगे।
उन्होंने खरीद एजेंसियों पर बेवजह उन्हें परेशान करने का आरोप लगाया। किसान नेता गुरमीत सिंह, गगनदीप सिंह, हरदेव सिंह, सुरजीत सिंह, पाल सिंह ने बताया कि वह पिछले 4 दिन से अनाज मंडी में बैठे हैं। लेकिन कोई भी खरीद एजेंसी अनाज मंडी में गेहूं खरीदने नहीं आई। जबकि जिला प्रशासन की तरफ से 1 अप्रैल से ही खरीद शुरू होने के दावे किए गए हैं। उन्होंने कहा कि जब भी कोई इंस्पेक्टर उनके पास आता है तो उन्हें कोई ना कोई बहाना लगा कर चला जाता है। उन्होंने कहा की पनग्रेन, पनसप, मार्कफेड आदि कोई भी एजेंसी उनके पास गेहूं खरीदने नहीं आई। किसानों का आरोप है कि वह सूखी गेहूं लेकर आते हैं लेकिन उनकी गेहूं में नमी अधिक होने की बात कह दी जाती है। मंडी सुपरवाइजर जगदेव सिंह ने कहा कि सभी खरीद एजेंसियों को सरकार की तरफ से गेहूं की खरीद शुरू करने के निर्देश दिए हुए हैं। लेकिन लगातार तीन दिन हुई बारिश के कारण गेहूं में नमी आ गई है।
मंडी में बैठे खरीद एजेंसियों का इंतजार कर रहे किसान नारेबाजी करते हुए।