तल्ख धूप में राशन के लिए खड़ी महिलाएं हुईं बेहोश
भीषण गर्मी की तेज धूप में जहां लोगों को दो मिनट भी खड़ा होना मुश्किल हो रहा है, वहीं राशन की सरकारी दुकान से गेहूं लेने के लिए उपभोक्ताओं को लाइन में लगाकर धूप में खड़ा किया जा रहा है। ऐसे में गेहूं के लिए धूप में खड़े होने से कई महिलाओं को चक्कर भी आ गए। इसके बाद लोगों ने धूप में खड़े होने का विरोध करते हुए एसडीएम को शिकायत की है। पार्षद प्रतिनिधि प्रमोद पचौरी ने बताया कि वार्ड नंबर 9 की राशन की दुकान पहले वार्ड में ही थी, जिससे लोगों को राशन लेने के आसानी मिलती थी। लेकिन रसद विभाग ने वार्ड की दुकान को एक किलोमीटर दूर क्रय-विक्रय सहकारी संस्था से अटैच कर दिया है। बुधवार को वार्ड के लोग राशन लेने के लिए दुकान में गए तो लोगों को धूप में खड़ा किया गया। पार्षद प्रतिनिधि ने बताया धूप में खड़ी होने से कई महिलाएं चक्कर खाकर गिर गई। इसके बाद राशन दुकान से महिलाओं ने छांव में खड़ा करने की बात कही, लेकिन दुकानदार ने यह कहकर मना कर दिया कि उसके पास छांव की कोई व्यवस्था नहीं है। वहीं दुकानदार अंदर बैठकर आराम से राशन बांट रहा था। पार्षद प्रतिनिधि ने बताया कि धूप में लाइन लगाकर खड़ी महिलाएं और पुरुष परेशान होते रहे, इस संबंध में कई अधिकारियों को फोन कर भी जानकारी दी गई, लेकिन किसी ने कुछ नहीं किया।
गड़बड़ी
गर्मी से परेशान हुए लोगों ने की शिकायत, वार्ड-9 की दुकान क्रय-विक्रय संस्था से हुए अटैच
पार्षद प्रतिनिधि का आरोप अधिकारी ने कहा क्या हो गया धूप में खड़े हो, डीएसओ इंस्पेक्टर बोले- आरोप निराधार : पार्षद प्रतिनिधि प्रमोद पचौरी ने आरोप लगाया कि धूप में खड़े लोगों की परेशानी को देखते हुए उन्होंने डीएसओ इंस्पेक्टर मोहन देव को जानकारी दी तो उन्होंने कहा कि क्या हो गया जो धूप में खड़े हो। राशन ऐसे ही मिलता है। डीएसओ इंस्पेक्टर मोहनदेव ने कहा कि पार्षद प्रतिनिधि के आरोप निराधार हैं।
दो दिन पूर्व ही अटैच हुई दुकान, अब करवा दी छांव की व्यवस्था : कैशियर : क्रय-विक्रय संस्था के कैशियर मुन्ना लाल त्यागी ने कहा कि दो दिन पूर्व ही राशन दुकान को अटैच किया गया है। वहीं कृषि मंडी में गेहूं की खरीद चल रही है। ऐसे में अधिकांश स्टाफ की ड्यूटी वहीं पर लगी है। इसके चलते बुधवार को क्रय-विक्रय दुकान में छांव की व्यवस्था नहीं की जा सकी है। लेकिन अब सरकारी गेहूं लेने के लिए आने वालों के लिए छांव की व्यवस्था करवा दी गई है, ताकि किसी को परेशानी का सामना न करना पड़े।