लोगों के काम न हो जाएं, तब तक अफसर का पीछा नहीं छोड़े: कलेक्टर
राजस्व लोक अदालत न्याय आपके द्वार में आने वाली समस्याओं को लेकर सभी अफसर गंभीर रहे। जब तक लोगों की समस्याओं का समाधान नहीं हो जाता, तब तक अफसर समस्या लेकर आने वाले लोगों का पीछा मत छोड़े। अगर यह हो गया तो राजस्व लोक अदालत में धौलपुर प्रदेश में नंबर वन बन जाएगा। यह कहना है कि जिला कलेक्टर नन्नूमल पहाड़िया का। जिला कलेक्टर नन्नूमल पहाड़िया गुरूवार को धौलपुर पंचायत समिति क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक कर राजस्व लोक अदालत ‘न्याय आपके द्वार’ अभियान की समीक्षा की। साथ ही ग्रामीण विकास के अन्य बिन्दुओं पर जनप्रतिनिधियों से राय मांगी। इसके अलावा सभी ने इस अभियान में जिले को राज्य में नंबर वन पर रखने का संकल्प लिया। जिला कलेक्टर ने कहा कि यह अभियान केवल राजस्व प्रकरणों के निस्तारण के लिए ही नहीं, समूचे ग्रामीण विकास के लिए बड़ा अवसर है। सभी बड़े विभागों के कार्मिक अभियान में उपस्थित हो रहे हैं, जनप्रतिनिधि पहल कर उन्हें काम बताएं। आमजन को योजनाओं की जानकारी दें। इस अवसर पर सहायक कलेक्टर अनिल कुमार सिंघल, विकास अधिकारी लखन सिंह, सहायक अभियन्ता संजय सिंघल व अन्य जनप्रतिनिधि व अधिकारी उपस्थित थे।
जिला कलेक्टर ने कहा कि सामाजिक सुरक्षा एक बड़ा मृदा है। शिविर में वृद्धावस्था, दिव्यांग, विधवा पेंशन योजना, बीपीएल परिवारों की पुत्रियों के विवाह हेतु आर्थिक सहायता हेतु सहयोग योजना, विधवाओं की पुत्रियों के विवाह पर आर्थिक सहायता योजना और पालनहार योजना के आवेदन पत्र तैयार करने, जांच करने एवं स्वीकृति जारी करने का कार्य हो रहा है। प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना और प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा से जोड़ा जाना चाहिए। जिससे कोई अनहोनी होने पर उसके आश्रित को सरकारी सहायता के अतिरिक्त 4 लाख रूपये मिल सके।
पट्टे दिलवाने में जनप्रतिनिधि सहयोग करें
जिला कलेक्टर ने बताया कि स्वयं की छत यानि घर हर परिवार का सपना होता है। इसका पट्टा मिल जाये तो पूरे परिवार को संतुष्टि मिलती है। एक बडी चिंता समाप्त हो जाती है। इस अभियान में अधिक से अधिक पात्रा लोगों को पट्टे दिलवाने में जनप्रतिनिधि सहयोग दे। जिला कलेक्टर ने बताया कि शिविर में चिकित्सकों द्वारा स्वास्थ्य जांच की जा रही है। उपखण्ड अधिकारी सुनिश्चित करें कि शिविर के एक दिन पूर्व एन्टी लार्वा गतिविधियां की जाएं। शिविर में कुपोषण से ग्रस्त का चयन कर इन मामलों चिकित्सा विभाग को दें।
जलदाय कर्मी शिविर से करें हैंडपंप की मरम्मत
पीएचईडी कार्मिक सुनिश्चित करें कि शिविर से पहले हैंडपंप मरम्मत, अनुपयोगी हैंडपंपों को मौके से हटाना, पानी की गुणवत्ता की जांच, ओवरहेड ट्रैक, पेयजल स्रोतों में क्लोरीन डालने व सफाई करने, पाइप लीकेज ठीक करना, रीजनल जल आपूर्ति योजनाओं के अंतिम छोर पर स्थित गावों में पेयजल पहुंचाना, जनता जल योजनाओं से संबंधित तकनीकी समस्याओं का निराकरण हो। शिविर में भामाशाह योजना के अन्तर्गत क्षेत्र का शत-प्रतिशत कवरेज सुनिश्चित करना है।