पर्याप्त फैकल्टी व सुविधा नहीं होने से अंबिकापुर की 100 व रिम्स मेडिकल कॉलेज की 150 एमबीबीएस सीटें अटक गई थीं। नए सत्र में अंबिकापुर की 100 सीटें मिल गई हैं और रिम्स की मिलने की संभावना है। पिछले साल जीरो ईयर घोषित होने से दोनों ही मेडिकल कॉलेज में एक भी एडमिशन नहीं हो पाया। इससे प्रदेश के स्टूडेंट को भारी नुकसान हुआ।
मेडिकल कॉलेज एक नजर में
इनमें सरकारी क्षेत्र के एम्स में 100, नेहरू मेडिकल कॉलेज में 150, सिम्स बिलासपुर में 150, राजनांदगांव में 100, रायगढ़ में 50, जगदलपुर में एमबीबीएस की 100 सीटें हैं। निजी क्षेत्र के चंदूलाल चंद्राकर कॉलेज दुर्ग में 150 व शंकराचार्य में 150 सीटें हैं। एडमिशन नीट से होगा। काउंसिलिंग जून में होगी।
पांच साल पहले कॉलेज की संख्या 6
सीटों की संख्या 550
एडमिशन नीट से
राजनांदगांव, अंबिकापुर, रायगढ़, रिम्स व शंकराचार्य बाद में खुले।
पीजी सीटों की संख्या 133
एडमिशन नेशनल एक्जाम बोर्ड से
पीजी की सीटें केवल एम्स, नेहरू मेडिकल कॉलेज व सिम्स बिलासपुर में है। एडमिशन के लिए दो चरण की काउंसिलिंग पूरी हो चुकी है। एडमिशन के लिए 18 मई आखिरी तारीख है।
कुल कॉलेज - 10 (एम्स मिलाकर)
सरकारी- सात निजी- तीन
1200
कुल सीटें एमबीबीएस की