पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • टोहाना में भी सफाई का विरोध, पुलिस फोर्स ने रोका

टोहाना में भी सफाई का विरोध, पुलिस फोर्स ने रोका

3 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
टोहाना | नगर परिषद के कर्मचारियों की 10 दिनों से चल रही हड़ताल के चलते शहर में सफाई न होने को लेकर भाजपा नेताओं ने समर्थित पार्षदों के साथ बीडीपीओ कार्यालय के बाहर शुक्रवार सुबह स्वच्छता अभियान शुरू किया। सुबह साढ़े 6 बजे जैसे ही उन्होंने हाथों में झाडू तसले उठाकर कचरा एकत्रित कर ट्रालियों में डालना शुरू किया कि वहां पहुंचे दर्जनों सफाई कर्मचारियों ने नारेबाजी करते हुए उनका विरोध शुरू कर दिया।

जिन्हें पुलिस फोर्स ने रोका तथा पुलिस की मौजूदगी में वहां से करीब पांच ट्राली कचरे की उठाई गई। किसी भी परिस्थिति से निपटने के लिए फतेहाबाद से भी अतिरिक्त पुलिस फोर्स बुला रखी थी। मौके पर एसडीएम सरजीत नैन, नप ईओ प्रदीप हुड्डा, एमई जयवीर सिंह, एसआई अजैब सिंह, सफाई दरोगा बलजीत सिंह, एसएचओ प्रदीप कुमार व सोमवीर, चौकी प्रभारी साधु राम आदि मौजूद थे।

उक्त स्वच्छता अभियान में जहां भाजपा समर्थित अधिकतर पार्षदों ने सहयोग किया वहीं विपक्षी पार्षदों ने दूरी बनाए रखी। जिसकी बड़ी चर्चा रही। अभियान में सहयोग के लिए कुछ मनरेगा मजदूर भी बुला रखे थे लेकिन उन्हें रिजर्व में रखा गया था।

कचरे से आ रही बदबू से बचने के लिए मुंह ढांपे खड़ी महिला पुलिस कर्मी।

यूनियन प्रधान को हिरासत में लेते ही बिफरे कर्मी

अभियान के दौरान जब शहीद चौक पर कचरा उठाया जा रहा था तो नगर पालिका कर्मचारी यूनियन प्रधान लाभ सिंह ने एक पार्षद का झाडू पकड़ कर व्यवधान डालने का प्रयास किया तो नगर परिषद प्रधान कुलदीप सिंह की शिकायत पर पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया और उसे थाने ले आई। जिसका पता चलते ही सभी कर्मचारी थाना शहर पहुंचे तथा थाने का घेराव कर नारेबाजी शुरू कर दी। कुछ देर बाद उच्चाधिकारियों से बातचीत के बाद उसे रिहा कर दिया गया। इन सफाई कर्मियों का नेतृत्व प्रेम पटवारी, सुभाष द्रविड़ आदि कर रहे थे।

टोहाना। बीडीपीओ कार्यालय के बाहर कचरा उठाते भाजपाई, पीछे नारेबाजी करते नगर परिषद सफाई कर्मियों को रोकते पुलिस।

चेतावनी के बाद जेसीबी को हटाया

बीडीपीओ कार्यालय के बाहर रतिया रोड, नया बाजार, भूना रोड व कोर्ट रोड आदि क्षेत्रों के सैकंडों लोग कचरा डालते हैं। जिस कारण यहां पर काफी मात्रा में कचरा एकत्रित हो गया था। वैसे भी बीडीपीओ परिसर में एसडीएम व न्यायाधीश के रेजिडेंस हैं और स्वच्छता अभियान की शुरूआत भी यहीं से की गई। इस भारी मात्रा में पड़े कचरे को उठाने के लिए जैसे ही जेसीबी ने काम करना शुरू किया तो सफाई कर्मचारी भड़क गए। वहीं एक महिला कर्मी ने चेतावनी दी कि यदि जेसीबी को नहीं हटाया तो उसे तोड़ दिया जाएगा। उसके बाद जेसीबी को हटा लिया गया।

28 पक्के और 76 कच्चे हैं कर्मचारी

करीब 70 हजार की आबादी वाले टोहाना शहर में नगर परिषद की ओर से मौजूदा समय में 104 सफाई कर्मचारी रखे हुए हैं। जिनमें 28 पक्के 76 कच्चे कर्मचारी हैं। यानि करीब 700 लोगों पर एक सफाई कर्मचारी, जबकि नियमानुसार 400 लोगों पर एक सफाई कर्मचारी होना चाहिए। हालांकि नप ने 50 सफाई कर्मचारियों के लिए टेंडर लगा रखा है लेकिन तब तक इतने से ही काम चलाना पड़ेगा।

पहले दिन उठाया करीब 20 टन कचरा

नगर परिषद प्रधान कुलदीप सिंह की अगुवाई में पहले दिन चलाए गए स्वच्छता अभियान के तहत करीब 20 टन कचरा उठाया गया। उनके साथ निगरानी समिति संयोजक नरेंद्र गर्ग बंटू, सुरेंद्र सिंह, जिला पार्षद डॉ. जगदीश ओड़, मार्केट कमेटी चेयरमैन रिंकू मान, भाजपा शहरी प्रधान सुभाष गर्ग, नप उपप्रधान प्रतिनिधि रविंद्र मेहता, विधायक के निजी सचिव कृष्ण नैन, रामफल न्यौलिया, पार्षद तिलक भाटिया, संजय रेवड़ी, वेद जांगड़ा, रामदेव भारद्वाज, जगमेल सिंह, ललित मोहन प्रभाकर, सतपाल गर्ग, गणेश सैनी, शेर सिंह, कमल सिंगला, मनीष शर्मा, भले राम यादव व अजय मोदी आदि शामिल थे।

सभी को सहयोग करना चाहिए

नप ईओ डॉ. प्रदीप हुड्डा ने कहा कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। उन्होंने आमजन का आह्वान किया कि वे अपने आसपास गली मोहल्लों व बाजारों में भी स्वच्छता बनाए रखें।

खबरें और भी हैं...