गिरिडीह के औद्योगिक क्षेत्र के अजीडीह स्थित एक निर्माणाधीन मकान के सीढ़ी में 35 वर्षीय महिला का शव मिलने से जहां पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना रहा। वहीं मृतिका की पहचान बिरनी के खरियोडीह पेशम गांव निवासी कारू राय की प|ी आरती देवी के रूप में की गई है। शव मिलने के बाद मुफ्फसिल थाना की पुलिस भी घटनास्थल पहुंच कर पूरे मामले से अवगत से हुई। स्थानीय ग्रामीणों ने पुलिस को बताया कि सुबह मांर्निग वॉक के दौरान कई लोगों की नजर शव पर पड़ा। जिसके बाद पूरे क्षेत्र में यह चर्चा का विषय बना रहा। और कुछ देर में काफी संख्या में महिला का शव देखने के लिए लोगों की भीड़ जुटी। निर्माणाधीन मकान अजीडीह निवासी यदुनंदन दिवेद्धी का बताया जा रहा है। लेकिन अपने घर में मिले शव को लेकर गृहस्वामी दिवेद्धी ने भी अनभिज्ञता जाहिर किया है। इधर दोपहर बाद शव की पहचान होने के बाद मृतिका की मां तारा देवी मुफ्फसिल थाना को आवेदन देकर बेटी के पति समेत सास-ससुर पर दहेज हत्या का केस दर्ज कराई है। तारा देवी के दिए आवेदन के आधार पर मुफ्फसिल थाना पुलिस ने थाना कांड संख्या 163/18 दर्ज कर मृतिका के पति कारू राय, ससुर धोकल राय व सास बुंदिया देवी को नामजद अभियुक्त बनाकर पूरे मामले की जांच में जुट गई है। शव मिलने के बाद से आरोपी पति व सास-ससुर फरार बताए जा रहे हैं। वैसे मुफ्फसिल थाना पुलिस शव मिलने के बाद पूरे दिन इस बात को लेकर परेशान रही कि मृतिका आरती देवी का ससुराल बिरनी के बासोडीह गांव है और मायके बिरनी के खरियोडीह पेशम गांव है, तो पति समेत सास-ससुर ने आरती का हत्या कर अजीडीह के निर्माणाधीन मकान में क्यों और कब रखा।
केस दर्ज कर पुलिस पूरे मामले की जांच में तो जुट गई है। लेकिन पूरे मामले का खुलासा आरती देवी के हत्यारों की गिरफ्तारी के बाद होना तय है। इधर थाना को दिए आवेदन में मृतिका की मां तारा देवी ने बताया कि उनकी बेटी की शादी साल 2012 में कारू राय के साथ हुआ था। शादी के कुछ महीने बाद से आरती को मायके से दहेज लाने को लेकर मारपीट व प्रताड़ित किया जा रहा था। इस बीच मुफ्फसिल थाना प्रभारी संजीव मिश्रा ने बताया कि केस दर्ज कर पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। आरोपियों के गिरफ्तारी के बाद मामले का खुलासा संभव है। वैसे आरोपियों के गिरफ्तारी को लेकर छापेमारी किया जा रहा है।