विश्व विख्यात पारसनाथ को सुंदर व आधुनिक सुविधाओं से लैस बनाने की दिशा में कवायद तेज हो गई है। इसके साथ ही पारसनाथ एक्शन प्लान में और भी कई नई योजनाओं को जोड़ा गया है। जिसमें पारसनाथ स्टेशन से मधुबन तक 23 किलोमीटर सड़क को फोर लेन करने तथा ईसरी बाजार स्थित पारसनाथ स्टेशन से पारसनाथ पहाड़ तक पूरी 33 किलोमीटर सड़क एलईडी लाईट से रौशन होंगे। मधुबन से लेकर पारसनाथ पहाड़ तक पाइपलाइन के जरिए जलापूर्ति के साथ शौचालय का निर्माण होगा। इसके साथ ही पहाड़ पर एक प्रशासनिक गेस्ट हाउस का भी निर्माण होगा। इसके अलावा पारसनाथ को तमाम आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जाएगा। इसे लेकर पूर्व में बनी पारसनाथ एक्शन प्लान को कई स्तर से संशोधन किया जा चुका है। इस बात की पुष्टि पथ निर्माण विभाग के सचिव कमल किशोर सोन ने गुरुवार को पुष्टि की है। इस बाबत उन्होंने गिरिडीह में उपायुक्त मनोज कुमार व एसपी सुरेन्द्र झा सहित संबंधित विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की और पारसनाथ डेवलपमेंट को लेकर विचार विमर्श किया। धीमी पड़ी पारसनाथ एक्शन प्लान को तेजी से धरातल पर उतारने का निर्देश दिया गया। मौके पर भवन प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता हरिशचंद्र चाकीदिघी को कड़ी फटकार लगाई और निर्धारित समय पर योजना को पूरा करने का निर्देश दिया।
उपलब्धि
पथ निर्माण विभाग के सचिव कमल किशोर सोन ने कहा 33 किमी में लगेगी सोलर लाइट, पारसनाथ पहाड़ तक पाइपलाइन से होगी जलापूर्ति
उपायुक्त समेत अन्य िवभागों के पदाधिकारियों के साथ पारसनाथ एक्सन प्लान पर की चर्चा
41 कमरों के नए कोर्ट भवन निर्माण को स्वीकृति सचिव ने बताया कि गिरिडीह जिले में 41 कमरों का नया कोर्ट भवन निर्माण के प्रस्ताव को भी सरकार ने मंजूरी दे दी है। इसके अलावा शहर को विकसित करने की दिशा में भी कार्य चल रहा है। बैठक में आरईएओ के कार्यपालक अभियंता मनोहर कुमार, पथ प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता एके साहा, भवन प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता हरिशचन्द्रचाकीदिघी, बिजली विभाग के कार्यपालक अभियंता प्रदीप झा, पीएचईडी के कार्यपालक अभियंता चंद्रशेखर कुमार थे।
विभाग को डीपीआर बनाकर भेजने का निर्देश : करीब डेढ़ घंटे के बैठक के बाद सचिव ने पत्रकारों से कहा कि राज्य सरकार के निर्देश पर पारसनाथ स्टेशन से जैन समाज के तीर्थक्षेत्र भगवान पार्श्वनाथ समेत 24 तीर्थंकरों के निर्वाण भूमि मधुबन तक फोरलेन सड़क निर्माण की स्वीकृति मिल चुकी है। अधिकारियों को डीपीआर तैयार करने का निर्देश दिया जा चुका है। पूरे फोरलेन सड़क से लेकर पहाड़ तक सोलर लाईट भी लगाया जाएगा। सड़क, बिजली और शौचालय के साथ पेयजल को पूरे मधुबन समेत पारसनाथ पहाड़ तक पहुंचाना है। इसके लिए संबंधित विभागीय अधिकारियों का ज्वाइंट विजिट जल्द किया जाएगा। पहाड़ के रास्ते शौचालय व पेयजल की व्यवस्था के लिए पीएचईडी विभाग को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए हैं।