न सरकारी स्कूल, न आंगनबाड़ी दूसरे वार्ड में जाकर पढ़ते हैं बच्चे
नगर निगम वार्ड नंबर-7 में न तो एक भी सरकारी स्कूल है और न ही आंगनबाड़ी केन्द्र है। बच्चों को पढ़ने के लिए दूसरे वार्डों में जाना पड़ता है। इसके अलावा इस वार्ड के प्रति नगर पर्षद का कभी ध्यान नहीं रहा है। इस वार्ड में न तो कभी सफाई होती है और न ही पीने के लिए शुद्ध पेयजल की ही व्यवस्था है। लेकिन हैरत की बात यह है कि शहरी क्षेत्र होने के बाद भी नगर निगम के वार्ड नंबर 7 में सरकारी स्कूल और आंगनबाड़ी केन्द्र एक भी नहीं है। कुल मिलाकर इस वार्ड के लोगों से नगर निगम बगैर किसी सुविधा के टैक्स वसूल रही है।
गृहिणी हसीना खातून ने कहा कि नगर निगम के वार्ड नंबर 7 के गौश बाबा रोड, चूड़ी मुहल्ला, विश्वकर्मा गली, संगीतापुरी शांति नगर में नाली की समस्या लोगों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है। वार्ड के विश्वकर्मा गली में रहने वाली महिला शोभा देवी ने कहा कि नाली नहीं होने के कारण ही स्थानीय लोगों को समस्याएं उठानी पड़ रही है। अनवरी बानो ने कहा कि पूरे वार्ड में गंदगी तो फैली हुई है ही। साथ ही कोई चापानल दुरूस्त नहीं है। जबकि आंगनबाड़ी केन्द्र व सरकारी स्कूल भी इस वार्ड में नहीं होना। बेहद अफसोस की बात है। स्थानीय निवासी बलबीर सिंह ने कहा कि वार्ड के गलियों में प्राथमिकता के साथ नालियों का निर्माण होना चाहिए। ताकि वार्ड गंदगी से मुक्त हो सके। वार्ड में सरकारी स्कूल भी नहीं है। स्थानीय निवासी नथुनी सोनार ने कहा कि वार्ड के कई गलियों में पेयजल की किल्लत है। पाईप लाईन का कार्य नहीं होने के कारण पेयजलापूर्ति का पानी कई गलियों तक नहीं पहुंच रहा। अब चूंकि नगर निगम बन चुका है इसलिए पेयजलापूर्ति का पाईप हर गलियों में बिछाया जाना चाहिए। जिसे लोगों को पानी के लिए समस्या नहीं रहे।
स्थानीय निवासी अजमल हुसैन ने कहा कि वार्ड नंबर 7 में स्कूल, गंदगी, पेयजलापूर्ति के साथ लाईट का बेहद अभाव है। गौश बाबा रोड, चूड़ी मुहल्ला व विश्वकर्मा गली में सही पोल नहीं रहने के कारण इन गलियों में नित्यदिन शाम में अंधेरा पसरा रहता है।
वार्ड नंबर - 7
हमारी समस्याओं काे चाहिए तारणहार
वार्ड में खराब पड़ा चापानल।
नगर निगम के वार्ड नंबर 7 की पार्षद नाजिया प्रवीण ने कहा कि नगर निगम का गठन हुए कुछ दिन बीता है। पूरा वार्ड समस्याओं से घिरा है। लिहाजा, हर गलियों में नाली का निर्माण कराने के साथ अपने स्तर से डोर-टू-डोर कचरा उठाने की व्यवस्था कराना जरूरी है। निगम के पहले बैठक में नाली निर्माण के साथ गलियों में पोल लगाकर स्ट्रीट लाईट उपलब्ध कराना प्राथमिकता में होगा। जबकि समाज कल्याण विभाग व शिक्षा विभाग को पत्र लिखकर स्कूल निर्माण और आंगनबाड़ी निर्माण कराने को लेकर कोई कसर नहीं छोड़ जाएगा।
हसीना खातून।
नथुनी।
शोभा देवी।
अजमल।