गुलाबपुरा. सीएचसी के डिलीवरी वार्ड में भर्ती महिलाएं।
गुलाबपुरा | सरकार ने संस्थागत प्रसव को बढावा देने के लिए जननी सुरक्षा व राजश्री योजना शुरू की लेकिन योजना के लाभ नहीं मिल पा रहे हैं। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत कार्य करने वाला स्टाफ वेतन बढाने व स्थायी करण की मांग को लेकर 8 मार्च से हड़ताल पर है। इसलिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत योजनाओं के कार्य अटके पड़े है।
हड़ताल से बेटी पैदा होते ही इस योजना की पहली किश्त 2 हजार 500 रुपए मिल जाने चाहिए लेकिन नहीं मिले है। यही हाल जननी सुरक्षा योजना का है। एनआरएचएम के तहत अस्पताल में डिलेवरी होने पर जननी सुरक्षा योजना मे ग्रामीण क्षेत्र की महिला को 1400 व शहरी क्षेत्रवासी को 1000 की राशि सहायता दी जाती है। उन्हें सहायता मिलने के लिए इंतजार करना पड़ रहा है। राजश्री योजना मे बेटी होने पर 50 हजार की सहायता अलग-अलग चरणों में दी जाती है। गुलाबपुरा चिकित्सालय में प्रतिमाह 150 से अधिक डिलीवरी हो रही हैं। पिछले दो माह 10 दिन में जितनी डिलीवरी हुई उन्हें सहायता राशि मिलनी चाहिए लेकिन इंतजार करना पड़ रहा है।
जिला मुख्य चिकित्साधिकारी ने भी सीएचसी को राजश्री योजना में लाभान्वित होने वालों को लाभ नहीं मिल पाने पर नोटिस दिया है। जबकि हड़ताल होने से योजनाएं अटक गई हैं। सीएचसी प्रभारी विजयसिंह राठौड़ ने कहा कि हड़ताल के चलते जननी सुरक्षा योजना व राज लक्ष्मी योजना के समय पर भुगतान में कठिनाई आ रही है फिर भी प्रयास है कि समय पर भुगतान हो।