भोपाली दर्शक पंजाबी परफॉरमेंस के कायल
भास्कर संवाददाता | गुरदासपुर
जनजातीय मंत्रालय भोपाल की ओर से उत्तराधिकार कार्यक्रम की कड़ी तहत भोपाल के आदिवासी म्यूजियम में बैसाखी को समर्पित पंजाबी सभ्याचारक कार्यक्रम की शाम रखी गई। इस आयोजित कार्यक्रम में पंजाब फोक आर्ट सेंटर गुरदासपुर की 28 सदस्यीय टीम ने भाग लिया। कार्यक्रम में 3 घंटे की जबरदस्त परफॉर्मेंस ने भोपाली दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया।
फोक आर्ट सेंटर के सचिव दमनजीत सिंह ने बताया कि उनकी 28 सदस्यीय टीम ने जनजातीय लोकनाच झूमर, भांगड़ा-गिद्दा और जिंदुआ नाच की आकर्षक पेशकारी दी। इसके बाद नवजिंदर कौर व मनजीत सिंह ने पंजाब के क्लासिकल और बैसाखी से संबंधित लोकगीत पेश कर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध किया। वहीं पंजाब के प्रसिद्ध लोक व सूफी गायक मुहम्मद इरशाद ने अपनी सुरीली आवाज से सूफी गायकी और लोकगीतों का गायन कर दर्शकों को कायल किया। सचिव ने बताया कि भारत सरकार के सभ्याचारक मंत्रालय की ओर से आलोप हो रहे पश्चिमी झूमर व लुड्डी नाच को फिर से प्रोत्साहित करने के लिए सराहनीय प्रयास किए जा रहे हैं। इसी के तहत पंजाब फोक आर्ट सेंटर को परफोर्मिंग आर्ट्स स्कीम से जोड़ा हुआ है। इस स्कीम के अंतर्गत लगती वर्कशॉप में युवाओं को लोकनाच सिखाने के अलावा उस संबंधी भरपूर जानकारी दी जाती है। वहीं पूरे प्रशिक्षण के बाद प्रदेश से बाहर करवाए जाते कार्यक्रमों में उन्हें देश की संस्कृति को प्रफुल्लित करने का मौका मिलता है। उन्होंने बताया कि उनकी टीम में ढोल मास्टर रमेश ने परफॉर्मेंस में बेहद अहम भूमिका निभाई। इसके अलावा टीम में तलजिंदर सिंह, रजत, रविंदर सिंह, पूनम, मनप्रीत कौर आदि सदस्य शामिल थे।
पंजाबी विरसे से संबंधित परफार्मेंस देते कलाकार व भोपाल के आदिवासी म्यूजियम में गिद्दे की मनमोहक पेशकारी देतीं कलाकार।