प्रतियोगी परीक्षा के लिए पहले रणनीति बनाओ फिर समय प्रबंधन के साथ उस पर अमल करो
प्रतियोगी परीक्षा के लिए पहले रणनीति बनाओ और फिर उस पर अमल करो। इसके लिए समय प्रबंधन और रणनीति दोनों ही जरूरी हैं। आपको तय करना होगा कि स्कूल या कॉलेज की पढ़ाई के अलावा प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी के लिए दिन में कितना समय निकालना है। इस पर ही आपकी तैयारी निर्भर करेगी। यह बात ग्वालियर संभाग के आईजी अंशुमान यादव ने कही। वे मंगलवार को चेंबर ऑफ कॉमर्स में अल्पसंख्यक वर्ग के छात्र-छात्राओं के लिए आयोजित सेमिनार में बोल रहे थे। विक्रांत अकेडमी और रोज सर्वजन उत्थान समिति की ओर से कराए गए सेमिनार में छात्र-छात्राओं को तैयारी करने की जानकारी भी दी गई।
कम पढ़ें, लेकिन नियम से पढ़ें: आईजी अंशुमान यादव ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी के लिए यह जरूरी नहीं कि आप 16-16 घंटे पढ़ाई करें। आप कम समय के लिए पढ़ें लेकिन नियम से पढ़ें। जो पढ़ते जाएं उसे रिवाइज भी करें ताकि परीक्षा से पहले आपको याद करने में आसानी रहेगी।
चेंबर ऑफ काॅमर्स में अल्पसंख्यक वर्ग के स्टूडेंट्स के लिए हुआ सेमिनार
Students Seminar
आईजी अंशुमान यादव
सेमिनार में छात्र-छात्राओं को सरकार की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई।
शिक्षा सबके लिए जरूरी: राठौर
सेमिनार में विक्रांत कॉलेज के चेयरमैन राकेश सिंह राठौर ने कहा कि शिक्षा सबके लिए जरूरी है। आज के युग में हर किसी को शिक्षा पाने का अधिकार है। इसके लिए केंद्र और राज्य सरकार द्वारा कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। इन योजनाओं का लाभ लेना चाहिए।