रामद्वारा में चल रही भागवत कथा में उपस्थित श्रद्धालु।
ग्वालियर| भगवत गीता व भागवत जैसे ग्रंथों में कहा गया है कि प्रभु के नाम का स्मरण हमेशा करना चाहिए। व्यक्ति यह सोचता है कि जीवन में सुख सुविधा भोगने के बाद अंतिम समय में भक्ति कर लेंगे। यह संभव नहीं होता। इसलिए प्रभु की कृपा पाने के लिए जरूरी है कि उन्हें हमेशा याद किया जाए। यह विचार लक्ष्मीगंज स्थित रामद्वारा में चल रही भागवत कथा में संत अमृतराम ने व्यक्त किए।
रामद्वारा
निर्मल चित्त भक्तों के वश में होते हैं भगवान
ग्वालियर| निर्मल चित्त वाले भक्त प्रभु को अपने वश में कर लेते हैं। भगवान के भूखे हैं। यह बात रोकड़िया सरकार हनुमान मंदिर में चल रही भागवत कथा में पं. गिरिराज शरण शर्मा ने कही।
उन्होंने कहा कि भागवत कथा समझ में आने के बाद मनुष्य पाप के रास्तों को छोड़कर सच्चाई और धर्म के मार्ग पर चलने लगता है। मनुष्य के जीवन में निराशा से आशा का संचार होने लगता है। मनुष्य को जीवन में बहुत सी जटिल समस्याओं का समाधान मिल जाता है। कथा में कमल गर्ग, नवल गर्ग, हरिओम गर्ग, भरोसीलाल झा आदि उपस्थित थे।
रोकड़िया सरकार
भ्रूण हत्या से बड़ा कोई पाप नहीं: गुंजन
ग्वालियर| भ्रूण हत्या से बड़ा कोई पाप नहीं हो सकता। भ्रूण हत्या महापाप है। बेटियों से ही घर की रौनक होती है। इसलिए उनका सम्मान करें। यदि बेटियां नहीं होंगी तो आप बहू कहां से लाओगे। यह बात जटार वाली गली स्थित राधे मेंशन चल रही भागवत कथा में कथा व्यास गुंजन वशिष्ठ ने कही।
सुश्री वशिष्ठ ने कहा कि लोग बेटे-बेटियों में फर्क समझते हैं। बेटियों ने साबित कर दिया है कि वे किसी से कम नहीं। उन्होंने कहा कि कल्पना चावला ने अंतरिक्ष में जाकर भारत का नाम रोशन कर दिया। उन्होंने कहा कि बेटियों को इतना शक्तिशाली बनाना चाहिए कि वे अपनी रक्षा स्वयं कर सकें। सुश्री वशिष्ठ ने कथा में उपस्थित श्रद्धालुओं को स्वच्छता का संदेश भी दिया।
उन्होंने कहा कि जब तक स्वच्छता अभियान से प्रत्येक व्यक्ति हृदय से नहीं जुड़ेगा तब तक अभियान सफल नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि भंडारे में मिलने वाले प्रसाद को खाने के बाद दोना पत्तल को निर्धारित स्थान पर ही डालना चाहिए। छोटे-छोटे सहयोग से ही हम स्वच्छता अभियान के भागीदार बन सकते हैं।
राधे मेंशन
श्रीमद् भागवत ज्ञान यज्ञ कथा 23 से
अधिक मास पर श्री महाबली हनुमान मंदिर सिटी सेंटर में श्रीमद् भावगत ज्ञान यज्ञ का आयोजन किया जाएगा। कलश यात्रा 23 मई को सुबह 7.30 बजे शिव शक्ति मंदिर तुलसी विहार, सिटी सेंटर से शुरू होकर कार्यक्रम स्थल श्री महाबली हनुमान मंदिर पर पहुंचेगी। कथा दोपहर 3 बजे से शुरू होगी। कथा का वाचन प्रमेंद्र चतुर्वेदी करेंगे।